Ayodhya

भूमि पूजन के बाद बोले भागवत- आज 30वें साल की शुरुआत में शुरू हुआ राम मंदिर का काम

अयोध्याः मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की जन्मस्थली पर भव्य मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश दुनिया के करोड़ों रामभक्तों के सदियों से खुली आंखों से देखे जा रहे सपने को साकार कर दिया। रामभक्तों के लिए आज का दिन बेहद खास और महत्वपूर्ण है। उनका वर्षों पुराना सपना आज साकार हो गया है। इसके बाद राम मंदिर निर्माण का कार्य शुरू हो जाएगा। 

बता दें कि, इस दौरान चांदी की 9 शिलाओं का पूजन किया गया। करीब 12 बजे शुरु हुआ भूमि पूजन कार्यक्रम करीब 48 मिनट चला। अभिजीत मुहुर्त में भूमिपूजन और शिला पूजन सम्पन्न होने के बाद पीएम मोदी ने साक्षात दंडवत कर देश की तरक्की और कोरोना के नाश का वरदान प्रभु श्रीराम से मांगा। भूमि पूजन कार्यक्रम के बाद 'हर हर महादेव', 'जय श्रीराम' और 'भारत माता की जय' के नारे लगाए गए। 

इस मौके पर राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राष्ट्रीय स्वयं सेवक प्रमुख मोहन भागवत मौजूद थे। पुरोहितों ने प्रधानमंत्री से विधिवत पूजा-अर्चना कराई। इससे पहले, मोदी ने रामलला के दर्शन किए और उनकी पूजा की। इस दौरान पीएम ने भगवान राम को साष्टांग दंडवत प्रणाम किया और परिसर में पारिजात का पौधा लगाया। 

भूमि पूजन के बाद संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि आज आनंद का क्षण है, एक संकल्प लिया था। तब के संघप्रमुख देवव्रत जी ने कहा था कि 20-30 साल काम करना होगा, तब ये काम करना होगा। आज 30वें साल की शुरुआत में काम शुरू हुआ है। कई लोग महामारी के कारण नहीं आ पाए, लालकृष्ण आडवाणी जी भी नहीं आ पाए हैं। देश में अब आत्मनिर्भर बनाने की ओर काम जारी है, आज महामारी के बाद पूरा विश्व नए रास्तों को ढूंढ रहा है। जैसे-जैसे मंदिर बनेगा, राम की अयोध्या भी बननी चाहिए। हमारे मन में जो मंदिर बनना चाहिए और कपट को छोड़ना चाहिए।