Xi Chinfing

शी चिनफिंग : चीनी-अरब देशों की राजनीतिक पार्टियों के खास सम्मेलन की बधाई

चीनी और अरबी देशों की राजनीतिक पार्टियों का वार्ता-सम्मेलन के तहत खास अधिवेशन 22 जून को वीडियो के माध्यम से आयोजित हुआ। चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की केंद्रीय समिति के महासचिव, राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने सम्मेलन को पत्र भेजकर बधाई दी और सम्मेलन में उपस्थित अरब देशों के राजनीतिक पार्टियों के नेताओं का सादर अभिवादन किया।

शी चिनफिंग ने कहा कि आकस्मिक कोविड-19 महामारी का मुकाबला करने में चीन और अरब देशों ने एक दूसरे का समर्थन करते हुए समान रूप से मुश्किलों को दूर करने की कोशिश की, जिससे चीन-अरब साझे भाग्य वाले समुदाय की सह-निर्माण वाला नया अध्याय जोड़ा गया। महामारी का संयुक्त रूप से मुकाबला करने के जरिए चीन और अरब देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी संबंध का ज्यादा मजबूत नींव तैयार हुआ, जनता के बीच मैत्री और गहरी हो गई, द्विपक्षीय सहयोग का भविष्य ज्यादा उज्ज्वल हुआ। 

चीनी कम्युनिस्ट पार्टी अरब देशों की राजनीतिक पार्टियों के साथ मिलकर द्विपक्षीय सामरिक संपर्क को लगातार मजबूत करना चाहती है, महामारी की रोकथाम और उस पर अंकुश लगाने की सामान्य स्थिति में दोनों पक्षों के बीच देश के शासन अनुभव का गहरे रूप से आदान-प्रदान करना चाहती है। चीन व्यापक अरब देशों समेत अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ मिलकर एक होकर सहयोग मजबूत करना चाहता है और विश्व स्वास्थ्य संगठन की नेतृत्वकारी भूमिका का समर्थन करता है, ताकि मानव जाति के स्वास्थ्य साझे भाग्य वाले समुदाय की स्थापना की जा सके।    

बता दें कि चीन-अरब देशों की राजनीतिक पार्टियों का वार्ता-सम्मेलन के तहत खास अधिवेशन चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की केंद्रीय समिति के अधीन विदेशी संपर्क विभाग द्वारा आयोजित किया जा रहा है। इस तीन दिवसीय अधिवेशन का मुख्य विषय “हाथ मिलाकर नए युग में चीन-अरब साझे भाग्य वाले समुदाय की स्थापना” है। अरब देशों की प्रमुख पार्टियों के 60 से अधिक नेता सम्मेलन में भाग ले रहे हैं। उन्होंने चीनी कम्युनिस्ट पार्टी और चीन सरकार द्वारा महामारी के खिलाफ़ लड़ाई में जनता की प्रधानता वाला विचार अपनाने की प्रशंसा की और अरब देशों की प्रभूसत्ता व स्वतंत्रता की रक्षा करने में चीन के समर्थन का आभार व्यक्त किया। 

उनका मानना है कि हांगकांग और शिनच्यांग आदि मामला चीन का अंदरूनी मामला है, उन्होंने विदेशी शक्ति का चीनी अंदरूनी मामले पर हस्तक्षेप का विरोध किया और कहा कि वे चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के साथ मिलकर रणनीतिक संपर्क और वैचारिक आपसी सीख मजबूत करते हुए चीन-अरब साझे भाग्य समुदाय की स्थापना को आगे बढ़ाना चाहते हैं।

( साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग )