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हरजिंदर कौर ने राष्ट्रमंडल खेलों में भारोत्तोलन में महिलाओं की 69 किग्रा स्पर्धा में जीता रजत पदक

Glasgow: India's Harjinder Kaur competes in the women's 69kg weightlifting event at the 23rd Commonwealth Games, in Glasgow, Scotland, Tuesday, July 28, 2026. (PTI Photo/Ravi Choudhary) (PTI07_29_2026_000051A) *** Local Caption ***

ग्लासगो: हरजिंदर कौर ने राष्ट्रमंडल खेलों में भारोत्तोलन में महिलाओं की 69 किग्रा स्पर्धा में रजत पदक जीता। हरजिंदर कौर का जन्म 14 अक्तूबर 1996 को पंजाब के नाभा के पास मेहस गांव में एक साधारण, बिना ज़मीन वाले किसान परिवार में हुआ था। एक कमरे के घर में पली-बढ़ीं हरजिंदर को भारी आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ा, क्योंकि उनके पिता के लिए ट्रेनिंग का खर्च उठाना मुश्किल था। इन मुश्किलों के बावजूद, गांव में पली-बढ़ी होने के कारण उन्हें अपनी एथलैटिक सफलता की नींव मिली।

वे हर दिन घंटों तक मवेशियों के लिए चारा तैयार करने वाली चारा काटने की भारी मशीन को हाथ से चलाती थीं। इस कड़ी मेहनत से अनजाने में ही उनके शरीर के ऊपरी हिस्से में ज़बरदस्त ताकत और मस्कुलर पावर आ गई, जो बाद में लिफ्टिंग प्लेटफॉर्म पर उनकी सबसे बड़ी ताकत बनी। उनका स्पोर्ट्स का सफ़र देर से और अचानक शुरू हुआ। शुरुआत में हरजिंदर कबड्डी की शौकीन खिलाड़ी थीं और रेडर के तौर पर ट्रेनिंग करती थीं। प्रैक्टिस के लिए वे रोज़ाना पांच किलोमीटर साइकिल भी चलाती थीं। 2016 में, जब वे 20 साल की थीं, तब पटियाला की पंजाबी यूनिवर्सिटी में उनकी ज़िंदगी बदल गई।

हरजिंदर कौर महिलाओं की 69 किग्रा और 71 किग्रा वेट कैटेगरी में हिस्सा लेती हैं। 2016 में कबड्डी छोड़ने के बाद उन्होंने इंटर-यूनिवर्सिटी चैंपियनशिप में अपना पहला मैडल जीता और फिर 2017 में स्टेट टाइटल अपने नाम किया। उन्हें इंटरनैशनल लेवल पर बड़ी सफलता 2021 में कॉमनवैल्थ चैंपियनशिप में सिल्वर मैडल जीतकर मिली और इसके बाद 2022 के बर्मिंघम कॉमनवैल्थ गेम्स में उन्होंने ऐतिहासिक ब्रॉन्ज़ मैडल जीता। लोकल लेवल पर, उन्होंने 2024 नैशनल चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन किया और 71 किग्रा कैटेगरी में कुल 223 किग्रा वज़न उठाकर तीन नैशनल रिकॉर्ड बनाए। उन्होंने 2026 सीनियर एशियन वेटलिफ्टिंग चैंपियनशिप में 69 किग्रा स्नैच में ब्रॉन्ज़ मैडल भी जीता।

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