Monsoon Special: क्या बालों को चिपचिपाहट से बचाने के लिए Baby Powder लगाना सही है?

Spread the News

मानसून का मौसम आ गया है। हालांकि, इस मौसम में स्किन के साथ बालों को भी कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है। मानसून में बाल ऑयली, चिपचिपे, घुंघराले और बेजान हो जाते हैं। ऐसे में लड़कियां इस समस्या से छुटकारा पाने के लिए ड्राई शैंपू का इस्तेमाल करती हैं। वहीं, कुछ इसकी बजाए बेबी पाउडर का इस्तेमाल करती हैं लेकिन क्या ड्राई शैम्पू की जगह बेबी पाउडर का इस्तेमाल करना ठीक है? चलिए जानते हैं कि इसपर एक्सपर्ट की क्या राय है।

ड्राई शैम्पू क्या है?

ज्यादातर महिलाएं नियमित बालों को धो नहीं पाती। ऐसे में पाउडर, अल्कोहल और स्टार्च-आधारित ये शैंपू स्कैल् से अतिरिक्त तेल को अवशोषित करते हैं। इससे बाल ड्राई, बेजान नहीं होते और शाइनी-सिल्की रहते हैं। हालांकि यह थोड़े महंगे होते हैं इसलिए बहुत-सी महिलाएं इसकी बजाए बेबी पाउडर लगा लेती हैं।

क्या फायदेमंद है बेबी पाउडर?

बेबी पाउडर ड्राई शैम्पू की तरह ही काम करता है, लेकिन कुछ कमियां हैं:

1. बेबी पाउडर का निर्माण ड्राई शैम्पू से अलग होता है। बेबी पाउडर में कुछ खनिज तेल होते हैं जो स्कैल्प के लिए अच्छे नहीं होते हैं। इससे हेयरफॉल का सामना भी करना पड़ सकता है।
2. कुछ बेबी पाउडर में सल्फर या कृत्रिम सुगंध हो सकती है जो स्कैल्प के लिए बहुत हानिकारक हो सकती है। इससे स्कैल्प पर मुंहासे, सेबोरहाइक डार्माटाइटिस या अन्य समस्याएं हो सकती हैं।
3. अधिक समय तक इसका इस्तेमाल करने से बाल सफेद भी हो सकते हैं।
4. कम और पतले बालों वाले लोगों को इससे बचना चाहिए क्योंकि छिद्रों के बंद होने के बाद यह जड़ों को नुकसान पहुंचा सकता है।
5. जिन महिलाओं को रूसी और एक्जिमा जैसी समस्याएं हैं, उन्हें बेबी पाउडर या सूखे शैम्पू का उपयोग नहीं करने की सलाह दी जाती है।

कभी-कभी बेबी पाउडर का इस्तेमाल करना ठीक है लेकिन इसे आदत के तौर पर इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। अधिक बहुत जरूरी हो तो वापिस आने के तुरंत बाद अपने बालों को धो लें।