Kuldeep Dhaliwal ने की घोषणा, मनरेगा योजना के तहत गांवों में की जाएगी सिर्फ महिला मेट्स की नियुक्ति

जालंधर: पंचायती राज संस्थाओं में महिला सशक्तिकरण के लिए पंजाब के ग्रामीण विकास एवं पंचायत मंत्री कुलदीप सिंह धालीवाल ने आज घोषणा करते हुए कहा कि मनरेगा योजना के तहत गांवों में सिर्फ महिला मेट्स की नियुक्ति की जाएगी। पंचायती राज संस्थानों में महिला सरपंचों और पंचों की मजबूत भागीदारी विषय पर स्थानीय डीएवी इंस्टिट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में महिला अधिकारिता संगोष्ठी आयोजन को धालीवाल ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने महिला सशक्तिकरण के लिए कई प्रयास किए जा रहे हैं, जिसके तहत पंचायत सचिवों की आगामी भर्ती में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत सीटें आरक्षित की जाएंगी।

इस अवसर पर अच्छा प्रदर्शन करने वाले सरपंचों के गांवों को दोगुना ग्रांट देने की घोषणा करते हुए मंत्री ने कहा कि गांवों की महिला सरपंच अपने गांवों के विकास में अच्छा प्रदर्शन करेंगी। उनकी पंचायतों को दोगुना ग्रांट दिया जाएगा। उन्होंने महिलाओं से पंजाब की पुरानी शान को बहाल करने के लिए हर क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि महिला पंच-सरपंच को घर के पुरुष सदस्यों के स्थान पर उन्हें स्वयं गांवों की कमान संभालनी चिहिए और गांवों की दिशा और दशा बदलने में योगदान देना चाहिए। महिलाओं को अपनी हैमियत पहचानने पर जोर देना चाहिए। मंत्री ने आगे कहा कि यदि महिलाएं, विशेषकर सरपंच-पंच महिला यह ठान लें तो नशा,भ्रूण हत्या सहित कई अन्य सामाजिक बुराइयों को जड़ से ख़त्म किया जा सकता है।

इस अवसर पर जालंधर एवं कपूरथला की पंच-सरपंच महिला ब्लॉक समिति एवं जिला परिषद सदस्यों ने महिला प्रतिनिधियों को सशक्त बनाने और अवैध कब्जे से मुक्त कराने की पहल के लिए मंत्री धालीवाल को ‘विकास पुरुष’ के अवार्ड से सम्मानित किया। बता दें कि अब तक 9000 एकड़ से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर पंचायतों को सौंपा जा चुका है और 26,000 एकड़ और भूमि चिन्हित की गई है, जिसे आने वाले दिनों में छुड़वा कर पंचायतों के हवाले कर दी जाएगी।

कैबिनट मंत्री के साथ नकोदर से विधायक इंद्रजीत कौर, करतारपुर से विधायक बलकार सिंह, निदेशक ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग गुरप्रीत सिंह खैरा, उपायुक्त जसप्रीत सिंह और आप नेता राजविंदर कौर मौजूद थीं। जालंधर और कपूरथला जिले के गांवों के 55 स्वयं सहायता समूहों को 12.25 लाख रुपये के रिवाल्विंग फंड चेक प्रदान किए गए। इस अवसर पर उन्होंने स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों की प्रदर्शनी का दौरा भी किया।