बिना भेद के बचाव और सीमा के अंतर से प्यार

जब भी विभिन्न देशों में कोई बड़ी प्राकृतिक आपदा आती है या युद्ध होता है, तो लोगों का एक समूह हमेशा बचाव कार्य में लगा रहता है और चमकदार लाल रंग के रेड क्रॉस को पूरे बचाव दृश्य में फहराया जाता है, जो एक सुंदर परिदृश्य बन जाता है। यह है प्रसिद्ध रेड क्रॉस सोसाइटी है। रेड क्रॉस की अंतर्राष्ट्रीय समिति (आईसीआरसी) का जन्म उस युद्ध के बाद हुआ था, जो 1859 में इटली में सोलफेरिनो (Solferino) का संघर्ष था। “रेड क्रॉस मूवमेंट के जनक” स्विस बैंक रहे नरी दुनांत ने अपने आंखों से इस युद्ध की क्रूरता को देखा। उन्होंने तुरंत ही स्थानीय लोगों को हर संभव बचाव व राहत करने के लिए संगठित किया। और यहीं से घायल सैनिक बचाव संगठन बनाने का विचार पैदा हुआ।

उनकी अपील पर, स्विस सरकार के समर्थन में 29 अक्तूबर 1863 को “अंतरराष्ट्रीय घायल सैनिक बचाव समिति” की स्थापना जेनेवा में की गई थी, जो रेड क्रॉस मूवमेंट के जन्म का द्योतक था। 1880 में उसका नाम “रेड क्रॉस की अंतर्राष्ट्रीय समिति” में बदला गया। यह दुनिया का सबसे पुराना रेड क्रॉस संगठन है। हेनरी ने संगठन की स्थापना की शुरुआत में “मानवता, तट स्थता और निष्पक्षता” के सिद्धांतों को निर्धारित किया और इसके बाद के 100 से अधिक वर्षों में अनगिनत जीवन बचाए गए हैं।

आईसीआरसी एक निष्पक्ष, तटस्थ और स्वतंत्र संगठन है, जिसका अद्वितीय मानवीय मिशन सशस्त्र संघर्ष और हिंसा की अन्य स्थितियों के पीड़ितों की जान और गरिमा की रक्षा करना और उन्हें सहायता प्रदान करना है। आईसीआरसी की स्थापना से अब तक 150 से अधिक वर्ष हो चुके हैं। और इसके अधीन संगठन अब पूरी दुनिया में फैल चुके हैं। रेड क्रॉस या रेड क्रिसेंट सोसाइटी (इस्लामी देशों में) 181 देशों और क्षेत्रों में स्थापित की गई हैं। वह लगभग 10 करोड़ सदस्यों और स्वयं सेवकों वाला एक मानवीय सहायता आंदोलन बन गया और संयुक्त राष्ट्र, अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक परिषद के साथ मिलकर तीन प्रमुख अंतरराष्ट्रीय संगठनों के रूप में कहा जाता है।

विभिन्न देशों की रेड क्रॉस सोसायटी अपनी सरकारों के मानवीय कार्यों में सहायक हैं और राष्ट्रीय सामाजिक सहायता समूह भी हैं। वे मानवीय उद्देश्यों और मौलिक सिद्धांतों के अनुरूप मानवीय कार्य करती हैं। 150 से अधिक वर्षों में अंतर्राष्ट्रीय रेड क्रॉस मूवमेंट ने मानव जीवन और स्वास्थ्य की रक्षा करने और स्थायी शांति को बढ़ाने में उत्कृष्ट योगदान दिया। युद्ध का अर्थ है रक्तपात। युद्ध में, रेड क्रॉस अपनी दृढ़ और महान शक्ति से मानव जाति की करुणा और विवेक को दिखाता है। चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने एक बार अंतर्राष्ट्रीय रेड क्रॉस मूवमेंट पर टिप्पणी की थी कि रेड क्रॉस न केवल एक आत्मा है, बल्कि एक झंडा भी है, जो सीमाओं, जातियों, विश्वासों को पार करता है और दुनिया भर में मानवीय गतिविधियों का नेतृत्व करता है। मानवीय कार्य सभी मानव जाति का सामान्य कार्य है, और विश्वास है कि रेड क्रॉस की भावना फलती-फूलती रहेगी।

(साभार—चाइना मीडिया ग्रुप ,पेइचिंग)