डबवाली से गन प्वाइंट पर गाड़ी छीनने वाले तीन काबू, पुलिस ने हथियार भी किए बरामद

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बठिंडा: सीआईए स्टाफ वन की पुलिस ने डबवाली से गन पवाईंट पर गाडी छीनने वाले तीन आरोपियों को गिरफतार किया है। जिनकी पहचान मनप्रीत सिंह काली निवासी संगत, सुरिंदर सिंह, अर्शदीप सिंह निवासी घुददा जिला बठिंडा के तौर पर हुई है। पुलिस ने आरोपियों से एक 32 बोर और 315 बोर के हथियार समेत मोटरसाईकिल बरामद किया है। आरोपी मनप्रीत सिंह काली जोकि गैंगस्टर गोबिंदा का साथी है। गैंगस्टर गोबिंदा जोकि लाँरेंस विश्नोई गैंग का मुख्य विरोधी है। इसने राजस्थान में विश्नोई गुट के दो लोगों पर जानलेवा हमला कर दिया था। हाल ही में आरोपी गैंगस्टर गोबिंदा जेल से बाहर आया हुआ है।

पूरे मामलें की जानकारी देते हुए डीएसपी डी दविंदर सिंह ने बताया कि सीआईए स्टाफ वन की पुलिस टीम ने पुराना थाना के पास चैकिंग के दौरान जब मोटरसाईकिल सवार तीन युवकों को रोक कर उनकी तलाशी ली तो उनसे एक 32 बोर एवं 315 बोर का अबैध हथियार बरामद किया गया। डीएसपी ने बताया कि पुलिस ने तुरंत तीनों आरोपियों अर्शदीप सिंह, मनप्रीत सिंह काली और सुरिंदर सिंह को हिरासत में लेकर उनके खिलाफ थाना कोतवाली में विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया।

पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में तीन आरोपियों ने माना कि बीते दिनों डबवाली से उन्होंने गन पवाईंट पर एक कार को छीना था। लेकिन जब वो रास्ते में पंक्चर हो गई तो वो गाडी को सडक पर छोड फरार हो गए थे। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने माना कि पिछले माह आईटीआई चौक पर युवक से लूट की थी और थाना नंदगढ एरिया में 60 हजार रूपए एक व्यक्ति से लूट लिए थे।

डीएसपी डी ने बताया कि आरोपी मनप्रीत सिंह काली जोकि 307 के एक मामलें में भगौडा चला आ रहा था। उन्होंने बताया कि तीनों आरोपियों के पकडे जाने से चार वारदातें ट्रेस हो चुकी है। डीएसपी ने बताया कि पुलिस उक्त आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड हासिल करेगी।

विश्नोई गैंग के निशाने पर मनप्रीत काली एवं उसका साथी गैंगस्टर गोबिंदा

सूत्रों ने बताया कि आरोपी मनप्रीत सिंह काली जोकि गैंगस्टर गोबिंदा का साथी है। गैंगस्टर गोबिंदा ने पिछले समय दौरान राजस्थान में विश्नोई गैंग के दो लोगों पर जानलेवा हमला कर दिया था। जिस के बाद से गैंगस्टर गोबिंदा विरोधी विश्नोई गैंग के निशाने पर चल रहा। सूत्रों ने बताया कि ‌विश्नोई गैंग के गुर्गो ने पिछले समय के दौरान आरोपी मनप्रीत काली और गोबिंदा की रेकी भी की थी। लेकिन वो गुर्गे उक्त आरोपियों पर हमला करने में नाकाम रहे थे।