महिलाएं ही नहीं पुरुष भी देखते हैं सीरियल, स्वीकार करने से कतराते हैं : राहिल आजम

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मुंबई: ‘मैडम सर’ के अभिनेता राहिल आजम अब नए शो ‘आशाओं का सवेरा धीरे-धीरे से’ में मुख्य भूमिका में नज़र आएंगे। राहिल आजम ने अपने विचार साझा करते हुए बताया की कि कैसे पुरुष टीवी सीरियल को देखना स्वीकार करने से कतराते हैं। राहिल ने कहा कि पुरुषों को प्रतिदिन टीवी सीरियल देखने में कोई शर्म नहीं है। पुरुष टीवी सीरियल देखने से कतराते हैं, यह केवल हमारे आस-पास के लोगों द्वारा बनाई गई एक धारणा है जोकि पूरी तरह से झूठ है। समाज में इस तरह की धारणा है कि केवल महिलाएं ही हर दिन टीवी सीरियल देखती हैं जोकि आश्चर्यजनक है।

पुरुष भी टीवी सीरियल देखना पसंद करते हैं मगर इसे स्वीकार करने से कतराते हैं। मुझे लगता है कि शाम को दिन भर की कड़ी मेहनत के बाद, कोई भी पूरे परिवार को टीवी सीरियल देखते हुए पा सकता है। राहिल बीते 20 सालों से एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री का हिस्सा हैं। उन्होंने ‘एक टुकड़ा चांद का’, कोई है’, ‘ये मेरी लाइफ है’, ‘सी.आई.डी’, ‘तू आशिकी’ और कई और शो में काम किया है। उन्होंने आगे कहा कि टीवी सीरीयल का सार प्रसिद्ध है, और वे परिवारों को एक साथ बोलने के लिए कुछ देते हैं। हर किसी की सराहना करने के लिए कुछ न कुछ है, क्योंकि ये सीरियल वही देते हैं जो दर्शक चाहते हैं।

सीरियल सभी के लिए एक मनोरंजन का माध्यम है। यह जरूरी नहीं है कि इसे केवल महिलाएं ही देखेंगी। जिन पुरुषों को सीरियल पेचीदा लगता हैं वे इन्हें देख सकते हैं और इसे देखना स्वीकार भी कर सकते हैं। सीरियल ‘आशाओ का सवेरा धीरे धीरे से’ स्टार भारत पर प्रसारित होता है।