चौथा चीन-रूस ऊर्जा वाणिज्य मंच आयोजित

ऊर्जा सहयोग हमेशा चीन व रूस के बीच व्यावहारिक सहयोग में सबसे महत्वपूर्ण व व्यापक क्षेत्र है, जिसमें तमाम उपलब्धियां भी हासिल हुई हैं। 29 नवंबर को चौथा चीन-रूस ऊर्जा वाणिज्य मंच ऑनलाइन व ऑफ़लाइन दोनों तरीकों से पेइचिंग और मास्को में आयोजित किया गया। इस में उपस्थित कई प्रतिनिधियों ने कहा कि ऊर्जा सहयोग चीन व रूस के व्यावहारिक सहयोग की आधारशिला है। दोनों पक्षों को चीन-रूस ऊर्जा सहयोग को गहन करने से ऊर्जा के हरित, सुरक्षित व अनवरत विकास को बढ़ावा देना चाहिये।

आंकड़ों के अनुसार इस वर्ष की पहली तीन तिमाहियों में चीन-रूस व्यापारिक राशि 1 खरब 36 अरब डॉलर तक पहुंची, उन में ऊर्जा व्यापार लगभग 60 अरब डॉलर है, जो कुल रकम के 40 प्रतिशत से अधिक रही। ऊर्जा सहयोग लगातार द्विपक्षीय व्यापार में प्रमुख भूमिका अदा करता है। चौथे चीन-रूस ऊर्जा वाणिज्य मंच में चीनी तेल व प्राकृतिक गैस ग्रुप लिमिडेट कंपनी के बोर्ड अध्यक्ष डाए होल्यांग ने भाषण देते समय कहा कि भविष्य में चीन-रूस ऊर्जा सहयोग की व्यापक संभावना होगी। चीन और रूस के बीच संपूर्ण तेल और गैस उद्योग श्रृंखला में सहयोग के स्तर में व्यापक सुधार करके और हरित और निम्न-कार्बन सहयोग की क्षमता सक्रिय रूप से खोजकर दोनों देशों के बीच ऊर्जा सहयोग का विस्तार किया जाना चाहिए। 

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)