बंद पड़ी पॉलिसी से रुपए निकलवाने का झांसा देकर ठगे 2.67 करोड़, 2 गिरफ्तार

नोएडा: थाना सेक्टर-20 पुलिस ने दो शातिर ठगों को गिरफ्तार किया है। इन लोगों ने एस्कोर्ट ग्रुप से रिटायर्ड एक बुज्रु्ग के खाते से 2 करोड़ 67 लाख रुपए ट्रांसफर करा लिए। ये पैसा पॉलिसी मैच्योर और पॉलिसी को दोबारा से चालू कराने के एवज में डलवाएं गए। पुलिस ने इन दोनों को जयपुरिया प्लाजा सेक्टर-31 के पास से गिरफ्तार किया है।

एडीसीपी आशुतोष द्विवेदी ने बताया कि पीड़ित सुरेंद्र कुमार बंसल एस्कोर्ट ग्रुप से 2005 में रिटायर्ड हुए थे। 2020 में इनके पास ठगों ने फोन किया और कहा कि पॉलिसी पूर्ण होने और पालिसी में फंसे हुए पैसे निकलवाने का लालच दिया। सुरेंद्र कुमार ठगों के झांसे में आ गए। इसके बाद ठगों ने प्रोसेसिंग फीस और अन्य मदों में करीब 2 करोड़ 67 लाख रुपए 14 बैंक खातों में जमा करा लिए। इसके बाद फोन बंद कर दिया। इस मामले में सुरेंद्र की बेटी ने थाना सेक्टर-20 में मुकदमा दर्ज कराया।

आशुतोष द्विवेदी ने बताया कि इस ठगी में बहुत से फेक नंबर और सिम का प्रयोग किया गया। जिनको ट्रैक करने में काफी लंबा समय लग गया। अंत में दो शातिर ठगों के बारे में जानकारी मिली। इनको गिरफ्तार किया गया। इनकी पहचान मोहाली पंजाब निवासी करुणोश कुमार और अनिल शर्मा हुई है। इनके पांच साथी और है जिनकी तलाश की जा रही है। उन्होंने बताया कि इनके छह खातों की जानकारी मिली है। जिनको सीज कराने की प्रक्रिया की जा रही है।

उन्होंने बताया कि दोनों आरोपियों ने कुशीनगर के पैकोली कस्बे से भोले भाले लोगों को भ्रमित कर उनके नाम से सिम खरीदे थे। इनके अन्य साथी दुष्यंत राणा, जितेन्द्र राणा, कैलाश उर्फ सोनी, शरद ठाकुर, आदित्य आदि के साथ मिलकर अपने प्रोफेशन के माध्यम से पूर्व से ही एकत्रित की गई, बंद पॉलिसी धारकों के डेटा में से नाम व नम्बर सर्च कर कॉल करते थे। पॉलिसी धारक को झूठा प्रलोभन देकर की उसकी पॉलिसी मैच्योर हो चुकी है और पॉलिसी का पैसा वापस कराने का झांसा देकर ठगी करते थे। पुलिस इन पांचों की तलाश कर रही है।