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उपराज्यपाल ने श्रीनगर में सूफीवाद पर राष्ट्रीय सम्मेलन में लिया भाग

July 28, 2023

उपराज्यपाल ने श्रीनगर में सूफीवाद पर राष्ट्रीय सम्मेलन में लिया भाग

जम्मू: उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा ने आज श्रीनगर में सूफीवाद: समुदायों के बीच एक पुल विषय पर राष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लिया। केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने जम्मू-कश्मीर कला, संस्कृति और भाषा अकादमी के सहयोग से श्रीनगर के क्लस्टर विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित इस सम्मेलन की अध्यक्षता की। केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने अपने संबोधन में एकता और एकता की भावना को मजबूत करने में जम्मूकश्मीर के लाल देद, नुंद ऋषि, सूफियों और संतों के अमूल्य योगदान को याद किया। केरल के राज्यपाल ने कहा कि उनकी शिक्षाएं और लेखन मानवता के लिए प्रकाश की किरण बनी रहेगी। हमारी प्राचीन विरासत हमें शांति, प्रेम और मानवता सिखाती है।

सभी धर्मों, सभी संप्रदायों के लोग एक परिवार की तरह है। उन्होंने कहा कि हमारी संस्कृति, मूल्यों, परंपराओं की निरंतरता भारत की सबसे बड़ी शक्ति है जो हमारे महान राष्ट्र को फलने-फूलने का अधिकार देती है। इस अवसर पर अपने संबोधन में उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू कश्मीर की संस्कृति और परंपराओं में सूफीवाद के प्रभाव पर प्रकाश डाला। उप-राज्यपाल ने कहा कि सभी संप्रदायों, व्यक्तियों के बीच सौहार्दपूर्ण संबंध और बिना किसी भेदभाव के संपूर्ण अस्तित्व के साथ संबंध ही वास्तविक सूफीवाद है। यह जीवन का तरीका है जो लोगों के बीच सांप्रदायिक सद्भाव, प्रेम और शांति के आदर्शों को बढ़ावा देता है और प्रचारित भी करता है। उप-राज्यपाल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर ऋ षियों और सूफियों की भूमि है। यह वह भूमि है जो सभी आध्यात्मिक और धार्मिक धाराओं का सम्मान करती है।

जिन लोगों ने इस स्वर्ग में परेशानी पैदा की थी, उन्हें नष्ट कर दिया गया है और समाज में शांति और सद्भीव स्थापित करने के लिए आतंकवाद और अलगाववाद के समर्थकों को निष्प्रभावी कर दिया गया है। कन्वेंशन में उप-राज्यपाल ने शांति, समृद्धि और समावेशी विकास की दिशा में केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर की परिवर्तनकारी यात्रा को साझा किया। इससे पहले अपने निहित स्वार्थ के लिए मुट्ठी भर लोगों द्वारा घाटी में शटडाउन कॉल एक नियमित सुविधा थी, हालांकि, आम आदमी को इसका खामियाजा भुगतना पड़ता था। उन्होंने कहाकि अब वे दिन चले गये। उन्होंने कहा कि शांति कायम है, नाइटलाइफ़ लौट आई है और लोग आज़ादी से रह रहे हैं।

उप-राज्यपाल ने कहा कि आज एक ऐतिहासिक अवसर भी है जब 30 साल से अधिक के अंतराल के बाद श्रीनगर में मुहर्रम का जुलूस शांतिपूर्ण ढंग से निकाला गया। उप-राज्यपाल ने इस अवसर की शोभा बढ़ाने और अपने ज्ञान के शब्दों से प्रतिभागियों को आशीर्वाद देने के लिए केरल के राज्यपाल का आभार भी व्यक्त किया। उन्होंने सूफी परंपराओं को बढ़ावा देने के उनके प्रयास के लिए श्रीनगर के क्लस्टर विश्वविद्यालय और जम्मूकश्मीर कला, संस्कृति और भाषा अकादमी को बधाई दी।

उन्होंने लोगों से ऋ षि-सूफी परंपराओं को अपनाने और एकता को मजबूत करने के लिए सांप्रदायिक विभाजन के सभी निशानों को खत्म करने का भी आह्वान किया। श्रीनगर के क्लस्टर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो.कय्यूम हुसैन ने सम्मेलन का विस्तृत विवरण दिया। उपराज्यपाल के सलाहकार राजीव राय भटनागर, पद्मश्री डा.एस.पी वर्मा, वि•िान्न विश्वविद्यालयों के कुलपति, यूटी प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, उद्घाटन समारोह में प्रमुख नागरिक व बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए।

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