इंटरनेशनल डेस्क: पश्चिमी नेपाल के कास्की जिले में मंगलवार दोपहर को भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिसकी तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 4.7 मापी गई। यह जानकारी राष्ट्रीय भूकंप निगरानी एवं अनुसंधान केंद्र ने दी है। भूकंप दोपहर करीब 1 बजकर 59 मिनट पर आया, जिसका केंद्र कास्की जिले के सिनुवा क्षेत्र में स्थित था। यह स्थान राजधानी काठमांडू से लगभग 250 किलोमीटर दूर है। झटकों का प्रभाव सिर्फ कास्की तक सीमित नहीं रहा, बल्कि आस-पास के तनहु, पर्वत और बागलुंग जिलों में भी महसूस किया गया।
-जान-माल का कोई नुकसान नहीं
स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन इकाइयों के अनुसार, अब तक किसी प्रकार के जान-माल के नुकसान की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। हालांकि, भूकंप के झटकों से लोगों में कुछ देर के लिए दहशत का माहौल जरूर देखने को मिला और कई लोग घरों से बाहर निकल आए। यह भूकंप ऐसे समय पर आया है जब देश के पूर्वी हिस्से में अभी हाल ही में, 14 मई को, सोलुखुंभू जिले के छेस्कम क्षेत्र में 4.6 तीव्रता का झटका दर्ज किया गया था। लगातार भूकंपीय गतिविधियों ने विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है, जो हिमालयी क्षेत्र को भूकंपीय रूप से संवेदनशील मानते हैं।
-भूकंप विज्ञानियों के अनुसार
नेपाल की भौगोलिक स्थिति ऐसी है कि यहां समय-समय पर भूकंप आना सामान्य है, लेकिन हर झटका इस क्षेत्र की tectonic प्लेटों में चल रही गतिविधियों की याद दिला देता है। सरकार और स्थानीय प्रशासन ने सतर्कता बरतने की अपील की है और लोगों को आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए तैयार रहने का सुझाव दिया है।
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