लुधियाना: गुरजिंदर सिंह उर्फ गोरा की हत्या के मामले में एएसआई (ASI) बुआ सिंह की गिरफ्तारी के बाद अहम खुलासे हुए हैं। गुरजिंदर सिंह की हत्या एएसआई बुआ सिंह की सर्विस रिवॉल्वर से गोली लगने से हुई। गोली एएसआई बुआ सिंह ने चलाई या उसके साथ दो साथी और थे, उनमें से किसी एक ने चलाई, यह अभी स्पष्ट नहीं हो रहा है। पुलिस ने एएसआई बुआ सिंह को गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश किया और रिमांड पर ले लिया है।
पुलिस अब पूछताछ करने में जुटी है कि आखिर गुरजिंदर सिंह उर्फ गोरा को गोली किसने मारी थी। वहीं दूसरी तरफ पुलिस ने एएसआई के दूसरे साथी गगन को भी हिरासत में ले लिया और तीसरे साथी बंटी की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। दरअसल पुलिस ने एएसआई बुआ सिंह को बुधवार देर रात हिरासत में ले लिया था। मृतक का परिवार रात भर थाने के बाहर बैठा रहा और सुबह पुलिस ने तीनों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर एएसआई को गिरफ्तार दिखा दिया।
अब तक की जांच में यह बात सामने आई है कि एएसआई बुआ सिंह, गगन, बंटी व गुरजिंदर सिंह रोजाना साथ बैठकर शराब पीते थे। 16 अप्रैल को भी उन्होंने साथ में शराब पी और बैठे-बैठे आपस में बात करने लगे। एएसआई का एक साथी रिवॉल्वर निकालने लगा तो उसने अपनी रिवॉल्वर से गोलियां निकाल ली। नशे में धुत एएसआई ने छह के बजाय पांच गोलियां ही निकाली और एक गोली रिवॉल्वर में ही रह गई।
नशे में धुत उसके एक साथी ने रिवॉल्वर गुरजिंदर की तरफ की और गोली चला दी, जिससे उसकी मौत हो गई। तीनों ने उसे गाड़ी में रखा और मोरिंडा के पास नहर में फैंक दिया। परिवार ने थाना मोती नगर में गुरजिंदर सिंह के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज करवाई और उसकी फोटो पंजाब के सभी थानों को भेज दी। वहीं दूसरी तरफ मोरिंडा पुलिस को नहर में शव मिला और शिनाख्त न होने पर उन्होंने उसका संस्कार कर दिया। मामला तब खुला जब मोरिंडा पुलिस ने गुमशुदा की फोटो देखी और उन्होंने लुधियाना पुलिस से संपर्क किया। वहीं दूसरी तरफ पुलिस की फॉरैंसिक टीम भी दिनभर मोती नगर थाने में जांच करने में जुटी रही।
मेष: दिन शुभ रहेगा...