
नई दिल्ली: NDA ने अपने उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के नाम का ऐलान कर दिया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने एनडीए (राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन) की ओर से उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार का नाम तय कर दिया है। महाराष्ट्र के मौजूदा राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को NDA ने उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया है। यह फैसला बीजेपी संसदीय बोर्ड की बैठक में गहन चर्चा के बाद लिया गया। इस दौरान जेपी नड्डा ने कहा कि बीजेपी के संसदीय बोर्ड की बैठक उपराष्टपति पद के उम्मीदवार का नाम फाइनल करने के लिए बुलाई गई थी।
जेपी नड्डा ने कहा कि पार्टी का प्रयास था कि उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार का नाम सर्वसम्मति से तय किया जाए। बैठक में यह सहमति बनी कि सीपी राधाकृष्णन इस पद के लिए सबसे उपयुक्त उम्मीदवार हैं।
#WATCH दिल्ली: भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा, “… महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए NDA के उम्मीदवार होंगे…” pic.twitter.com/qfh8iaTO0X
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 17, 2025
विपक्ष से भी करेंगे बात
जेपी नड्डा ने यह भी कहा कि एनडीए केवल अपने स्तर पर ही नहीं बल्कि विपक्ष से भी बातचीत करेगा। उनका कहना था— “हम चाहते हैं कि उपराष्ट्रपति पद का चुनाव निर्विरोध हो। इसके लिए विपक्ष का भी समर्थन जरूरी है। हमारे वरिष्ठ नेता पहले भी विपक्ष से संपर्क में रहे हैं और आगे भी रहेंगे। सभी एनडीए सहयोगी दल पहले ही हमारे साथ खड़े हैं।”

कौन हैं सीपी राधाकृष्णन?
-पूरा नाम: चन्द्रपुरम पोनुस्वामी राधाकृष्णन
-जन्म: 20 अक्टूबर 1957, तिरुप्पुर (तमिलनाडु)
-राजनीतिक सफर: तमिलनाडु के कोयंबटूर से दो बार सांसद (1998 और 1999)
-वर्तमान पद: महाराष्ट्र के राज्यपाल (31 जुलाई 2024 से अब तक)
-इससे पहले: झारखंड के राज्यपाल (18 फरवरी 2023 से 30 जुलाई 2024 तक)
-पहचान: बीजेपी के वरिष्ठ नेता और संगठन में लंबे समय तक सक्रिय भूमिका
उपराष्ट्रपति चुनाव कब है?
चुनाव आयोग ने पहले घोषणा की थी कि उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए मतदान 9 सितंबर को होगा और उसी दिन मतगणना भी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 21 अगस्त है, जबकि उम्मीदवार 25 अगस्त तक अपना नामांकन वापस ले सकते हैं।
21 जुलाई को जगदीप धनखड़ ने उपराष्ट्रपति पद से दिया था इस्तीफा
बता दें कि 21 जुलाई को संसद के मानसून सत्र के पहले दिन स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए जगदीप धनखड़ के इस्तीफे के बाद उपराष्ट्रपति पद रिक्त हो गया था। धनखड़ के त्यागपत्र में लिखा था, “स्वास्थ्य सेवा को प्राथमिकता देने और चिकित्सीय सलाह का पालन करने के लिए, मैं संविधान के अनुच्छेद 67(ए) के अनुसार, तत्काल प्रभाव से भारत के उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा देता हूं।”
मेष: दिन शुभ रहेगा...