Last Updated: October 10, 2026

Dainik Savera Times Logo

इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल से न वाहन को नुकसान, न ही जनता को चिंता की जरूरत: हरदीप पुरी

September 15, 2025

इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल से न वाहन को नुकसान, न ही जनता को चिंता की जरूरत: हरदीप पुरी

नई दिल्ली: केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल (E20) का वाहनों पर कोई नुकसान नहीं होता, और इसको लेकर फैल रही अफवाहें बिल्कुल गलत हैं। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में सोमवार को पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा, “इथेनॉल से बने पेट्रोल का गाड़ियों पर कोई खराब असर नहीं पड़ता है।”

उन्होंने बताया कि इथेनॉल-मिश्रण कार्यक्रम देश को ऊर्जा के मामले में आत्मनिर्भर बना रहा है, किसानों को आर्थिक रूप से मज़बूत कर रहा है, और भारत की विदेशी मुद्रा की बचत भी कर रहा है। हरदीप पुरी के मुताबिक इथेनॉल-मिश्रण से अब तक 1.40 लाख करोड़ रुपये का कच्चा तेल आयात बचा है। किसानों को 1.20 लाख करोड़ रुपये से ज़्यादा की आमदनी हुई है। साथ ही, इससे प्रदूषण में भी कमी आई है।

माइलेज को लेकर फैल रही अफवाहों का जवाब

कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया था कि E20 पेट्रोल से माइलेज बहुत कम हो जाता है, लेकिन सरकार ने इस दावे को गलत बताया है। सरकार के मुताबिकE20 के लिए बने नए वाहनों में सिर्फ 1-2% माइलेज की कमी आती है। पुराने वाहनों में भी यह कमी 3-6% से ज़्यादा नहीं है। इसके अलावा, E20 पेट्रोल से वाहन की बीमा वैधता (इंश्योरेंस वैलिडिटी) पर कोई असर नहीं होता। अगर किसी गाड़ी को ट्यूनिंग या बदलाव की ज़रूरत हो, तो सर्विस सेंटर इसकी सुविधा दे रहे हैं।

क्या है इथेनॉल और कैसे बनता है?

इथेनॉल एक जैविक ईंधन है, जो गन्ने, मक्का, या बांस जैसे पौधों से बनाया जाता है। यह पेट्रोल के साथ मिलाकर इस्तेमाल किया जाता है ताकि पेट्रोल कम खर्च हो, और प्रदूषण भी घटे। 2014 में भारत में इथेनॉल का मिश्रण सिर्फ 1.53% था। 2022 तक सरकार ने 10% का लक्ष्य तय समय से पहले पा लिया। 20% मिश्रण (E20) का लक्ष्य 2030 तक था, जिसे अब 2025 से पहले ही हासिल कर लिया गया है।

असम में बांस से बना इथेनॉल प्लांट

प्रधानमंत्री मोदी ने हाल ही में असम के नुमालीगढ़ में एक नया इथेनॉल प्लांट शुरू किया है। यह प्लांट 5,000 करोड़ रुपये की लागत से बना है, और बांस से इथेनॉल बनाने वाला दुनिया का पहला प्लांट है। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में इथेनॉल-मिश्रण के खिलाफ दायर याचिका खारिज कर दी। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि इथेनॉल को लेकर फैलाया जा रहा डर एक “पेड कैंपेन” है।

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें