India Bangladesh Relation: नई दिल्ली। बांग्लादेश में पिछले साल हुए तख्तापलट के बाद नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद यूनुस ने देश की सत्ता संभाली। उनके शासनकाल में हिंदू समुदाय के खिलाफ हिंसा की कई घटनाएं सामने आईं, जिसमें कई लोगों की जान भी गई। यूनुस ने अमेरिका के न्यूयॉर्क में दिए गए एक इंटरव्यू में कहा कि भारत में बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के रहने से दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ा है। उनका कहना है कि भारत ने हसीना की मेजबानी की, जिससे बांग्लादेश और भारत के बीच संबंध खराब हुए।
छात्रों के व्यवहार से समस्या
यूनुस ने कहा, “हमें इस समय भारत के साथ समस्या है क्योंकि उन्हें स्टूडेंट्स का व्यवहार पसंद नहीं आया। शेख हसीना ने पहले बांग्लादेश में कई समस्याएं पैदा की थीं और युवाओं की जान गई। अब भारत में उनके रहने से और तनाव पैदा हो गया है।”
यूनुस ने भारत को लेकर कही ये बात
यूनुस ने भारत की ओर इशारा करते हुए कहा कि कई झूठी खबरें फैल रही हैं। कुछ लोगों का कहना है कि यह इस्लामी आंदोलन बांग्लादेश पर काबिज़ हुआ है और उन्हें तालिबानी बताया जा रहा है।
न्यूयॉर्क पहुंचने पर मोहम्मद यूनुस का हुआ विरोध
संयुक्त राष्ट्र महासभा के 80वें सत्र में भाग लेने के लिए 22 सितंबर को न्यूयॉर्क पहुंचने पर मोहम्मद यूनुस का विरोध हुआ। जेएफके हवाई अड्डे के बाहर शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग के नेताओं और समर्थकों ने यूनुस के खिलाफ नारे लगाए और अंडे फेंके।
छात्र आंदोलन के बाद शेख हसीना ने प्रधानमंत्री पद से दिया था इस्तीफा
पिछले साल अगस्त में बांग्लादेश में युवाओं ने बड़े आंदोलन किए। इसके बाद शेख हसीना को प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा। प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री आवास तक कब्जा कर दिया और वहां तोड़फोड़ की। भारत और शेख हसीना के अच्छे रिश्तों के कारण भारत सरकार ने उन्हें अपने देश में रहने की अनुमति दी।
बांग्लादेश-भारत संबंधों में खटास
मोहम्मद यूनुस के शासन के दौरान बांग्लादेश और भारत के रिश्तों में खराबी आई। इसके अलावा, बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा बढ़ी, जिसमें कई लोग मारे गए।