
नई दिल्ली : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज दक्षिणी दिल्ली स्थित तेहखंड डीटीसी डिपो में राजधानी के दूसरे ऑटोमेटेड व्हीकल फिटनेस टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) का शिलान्यास किया और 50 नई इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाकर जनता को समर्पित किया। सरकार के अनुसार यह कदम दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण, पारदर्शी परिवहन व्यवस्था और आधुनिक यातायात प्रबंधन की दिशा में अहम सिद्ध होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली में करीब 6.5 लाख कमर्शियल वाहनों को हर वर्ष फिटनेस जांच की आवश्यकता होती है, लेकिन अब तक पर्याप्त व्यवस्था न होने से वाहन मालिकों को परेशानी का सामना करना पड़ता था। तेहखंड और नंद नगरी में तैयार हो रहे स्वचालित परीक्षण केंद्रों से दिल्ली की परीक्षण क्षमता दोगुनी हो जाएगी और प्रमाणन प्रक्रिया पूर्णत: डिजिटल तथा मानव-हस्तक्षेप मुक्त हो जाएगी। इससे उत्सर्जन मानकों की कड़ाई से जांच संभव होगी, जो प्रदूषण नियंत्रण में बड़ी भूमिका निभाएगी।
कार्यक्रम में परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने बताया कि लगभग 10 करोड़ रुपये से तैयार हो रहा यह केंद्र प्रतिवर्ष 72 हजार वाहनों की जांच क्षमता रखेगा। साथ ही यह लगभग 3 करोड़ रुपये का वार्षिक राजस्व भी उत्पन्न करेगा। मुख्यमंत्री ने 50 आधुनिक ई-बसों को शामिल किए जाने को राजधानी के सार्वजनिक परिवहन को स्वच्छ, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि मात्र आठ महीनों में 1,350 ई-बसें दिल्ली को समर्पित की गई हैं, जो सरकार की प्रतिबद्धता का प्रमाण है।
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