
Himachal News: हिमाचल प्रदेश सरकार राज्य में ई-मोबिलिटी को बढ़ावा देने के लिए लगातार ठोस कदम उठा रही है। इसी दिशा में हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) के बेड़े को मजबूत करते हुए 297 नई इलेक्ट्रिक बसें शामिल की जा रही हैं। यह पहल प्रदेश में पर्यावरण-अनुकूल परिवहन व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने जानकारी दी कि इस योजना के तहत पहली प्रोटोटाइप इलेक्ट्रिक बस हैदराबाद से सोलन पहुंच चुकी है। आने वाले दो दिनों में इस बस का सोलन-शिमला रूट पर परीक्षण किया जाएगा। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से प्रदेश के अन्य मार्गों और एचआरटीसी के विभिन्न डिपुओं में भी इलेक्ट्रिक बसों के ट्रायल किए जाएंगे।
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उप मुख्यमंत्री ने कहा कि इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से वायु प्रदूषण में कमी आएगी और डीजल पर निर्भरता घटेगी। इससे न केवल पर्यावरण को लाभ होगा, बल्कि एचआरटीसी की परिचालन लागत भी कम होगी, जिससे निगम की आर्थिक स्थिति को मजबूती मिलेगी। उन्होंने बताया कि यह नई पहल यात्रियों को सुरक्षित, आरामदायक और आधुनिक परिवहन सुविधा प्रदान करने में भी सहायक साबित होगी।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इलेक्ट्रिक बसों के सुचारु संचालन के लिए प्रदेश भर में चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य हिमाचल प्रदेश को स्वच्छ, हरित और टिकाऊ परिवहन के क्षेत्र में अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करना है, जिसमें ये इलेक्ट्रिक बसें अहम भूमिका निभाएंगी।