दक्षिण के अभिनेता और टीवीके प्रमुख विजय एक बार फिर विवादों में आ गए हैं। इस बार मद्रास हाई कोर्ट ने उन्हें झटका देते हुए आयकर विभाग द्वारा लगाए गए 1.50 करोड़ रुपये के जुर्माने को बरकरार रखने का फैसला किया है।
विजय ने आयकर विभाग के इस आदेश को गलत बताते हुए हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी, लेकिन अदालत ने उनकी याचिका खारिज कर दी। इसके साथ ही जुर्माने को वैध मानते हुए इसे रद्द करने से इनकार कर दिया गया है।
मामला वर्ष 2016-17 के आयकर रिटर्न से जुड़ा है। उस दौरान विजय ने अपनी कुल संपत्ति 35.42 करोड़ रुपये बताई थी। आयकर विभाग का आरोप है कि अभिनेता ने अपनी पूरी आय का खुलासा नहीं किया और कुछ संपत्तियों को छिपाने की कोशिश की। जांच के दौरान विभाग ने 2015 के दस्तावेजों से तुलना की, जिसमें सामने आया कि फिल्म ‘पुली’ में अभिनय के लिए मिले 15 करोड़ रुपये की आय को रिटर्न में शामिल नहीं किया गया था। इसी आधार पर वर्ष 2022 में आयकर विभाग ने विजय पर 1.50 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया था।
विजय ने इस जुर्माने को कोर्ट में चुनौती दी थी। उनका तर्क था कि यह आदेश तय समय सीमा, यानी 30 जून 2019 से पहले पारित किया जाना चाहिए था। चूंकि आदेश में देरी हुई, इसलिए इसे रद्द किया जाना चाहिए। सुनवाई के दौरान अदालत ने जुर्माने की वसूली पर अंतरिम रोक लगाई थी, लेकिन अब अंतिम सुनवाई में न्यायमूर्ति सेंथिलकुमार राममूर्ति ने आयकर विभाग के फैसले को सही ठहराया है। इसके बाद विजय को अब जुर्माने की पूरी राशि चुकानी होगी।
इसी बीच, अभिनेता करूर भगदड़ मामले को लेकर भी जांच के दायरे में हैं। इस मामले में सीबीआई उनसे लगातार पूछताछ कर रही है और वह दो बार एजेंसी के सामने पेश हो चुके हैं। सीबीआई विजय और उनकी पार्टी की भूमिका की जांच कर रही है। पुलिस की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि अभिनेता के कार्यक्रम में देर से पहुंचने के कारण भारी भीड़ जमा हो गई, जो बाद में बेकाबू हो गई। हालांकि, विजय और उनकी पार्टी से जुड़े लोगों ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है।