मुंबई : यहां की एक विशेष अदालत ने कारोबारी राज कुंद्रा को जमानत दे दी। कुंद्रा कथित बिटकॉइन घोटाले से जुड़े धन शोधन मामले में अदालत में पेश हुए थे। धन शोधन रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए) के तहत दर्ज मामलों के विशेष न्यायाधीश आरबी रोटे ने प्रवर्तन निदेशालय द्वारा दायर आरोपपत्र का संज्ञान लेते हुए कुंद्रा को जनवरी में सम्मन जारी किया था।
कुंद्रा अदालत के समक्ष पेश हुए और जमानत याचिका दायर की, जिसे अदालत ने मंजूर कर लिया। उनके वकील प्रशांत पाटिल ने कहा कि कुंद्रा ने 2021 से ही ईडी की जांच में सहयोग किया था। पाटिल ने बताया कि मामले से संबंधित सभी दस्तावेज पहले से ही जांच एजैंसी के पास थे, इसलिए उनकी हिरासत की जरूरत नहीं थी। केंद्रीय जांच एजैंसी ने आरोप लगाया है कि कुंद्रा ने ‘गेन बिटकॉइन पोंजी’ घोटाले के कथित षड्यंत्रकारी अमित भारद्वाज से यूक्रेन में ‘बिटकॉइन माइनिंग फार्म’ स्थापित करने के लिए 285 बिटकॉइन प्राप्त किए थे।
ईडी का दावा है कि चूंकि यह सौदा पूरा नहीं हुआ, इसलिए कुंद्रा के पास अब भी 285 बिटकॉइन हैं, जिनकी मौजूदा कीमत 150 करोड़ रुपए से अधिक है। आरोपपत्र के अनुसार, कुंद्रा ने दावा किया कि उन्होंने केवल मध्यस्थ की भूमिका निभाई, लेकिन उन्होंने इस दावे को साबित करने के लिए कोई दस्तावेजी सबूत पेश नहीं किया।