जम्मू कश्मीर डेस्क। जम्मू और कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) की अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने बुधवार को ईरान पर अमेरिका-इजराइल के हमलों पर भारत सरकार और सत्तारूढ़ नेशनल कॉन्फ्रेस (एनसी) की ‘चुप्पी’ पर खेद जताया।
ये भी देखें :-
बुधवार को यहां एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए महबूबा मुफ्ती ने कहा कि पिछले 5-6 दिनों से अमेरिका और इजराइल ईरान पर बमबारी कर रहे हैं और इन हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की भी हत्या कर दी गई। उन्होंने कहा कि एक समय था जब हम (भारत) ईरान के समर्थक थे। जब भारत पर प्रतिबंध लगाए गए, तो ईरान ने हमें मुफ्त तेल दिया। और अब विश्व व्यवस्था पूरी तरह से अस्त-व्यस्त है।
पीडीपी अध्यक्ष ने अयातुल्ला अली खामेनेई की हत्या का जिक्र करते हुए कहा कि सिर्फ इसलिए कि भारत सरकार और जम्मू-कश्मीर में नेशनल कॉन्फ्रेंस की सरकार ने अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान के खिलाफ किए गए खुले आक्रमण और उसके सर्वोच्च नेता की शहादत पर चुप्पी साध रखी है, इसका मतलब यह नहीं है कि बोलने वाले अपराधी हैं और उन पर कानून के तहत मामला दर्ज किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारे नेताओं ने इन हमलों की निंदा नहीं की है। जब लोग ईरान के साथ एकजुटता दिखाने के लिए सड़कों पर उतरे, तो कई लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें कुछ महिलाएं भी शामिल थीं।
श्रीनगर के भी कई लोगों को गिरफ्तार किया गया है। ऐसी स्थिति में हम देश के बारे में क्या कहें? महबूबा ने कहा कि उन्होंने (भाजपा ने) हिंदू-मुस्लिम राजनीति खेलकर देश को पहले ही डुबो दिया है। मुस्लिम देशों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि सभी मुस्लिम देश इस सब के मूक दर्शक बने हुए हैं और अमेरिका को अपने ठिकाने मुहैया कराकर परोक्ष रूप से उसका समर्थन कर रहे हैं। मुझे लगता है कि सऊदी अरब के साथ हाल ही में हुआ अमेरिकी समझौता ईरान को निशाना बनाने के लिए ही था।
ये भी पढ़ें :-
मेष: दिन शुभ रहेगा...