
जम्मू/श्रीनगर : मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने आज श्रीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सऊदी अरब से हज-2026 करके लौट रहे हाजियों के पहले जत्थे का स्वागत किया। हज की पहली फ्लाइट श्रीनगर एयरपोर्ट पर उतरी जिसमें 144 तीर्थयात्री सवार थे। इनमें 74 पुरुष और 70 महिलाएं शामिल थीं। मुख्यमंत्री ने तीर्थयात्रियों का गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्हें इस पवित्र तीर्थयात्रा को सफलतापूर्वक पूरा करने पर बधाई दी। लौट रहे हाजियों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि उनकी प्रार्थनाएं और आध्यात्मिक अनुभव जम्मू-कश्मीर के लोगों और पूरे देश में शांति, समृद्धि और भलाई में योगदान देंगे।
उन्होंने सऊदी अरब में प्रवास के दौरान और वापसी की यात्रा के लिए तीर्थयात्रियों के लिए की गई व्यवस्थाओं के बारे में भी जानकारी ली और उनके अच्छे स्वास्थ्य, खुशी और आगे एक सुखद जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री ने श्रीनगर एयरपोर्ट पर तीर्थयात्रियों के सुचारू आगमन और स्वागत में शामिल सभी विभागों और एजेंसियों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे लौट रहे हाजियों के लिए सभी आवश्यक सहायता और सुविधाएं सुनिश्चित करें जिसमें सामान की कुशल हैंडलिंग, परिवहन और अन्य सहायता सेवाएं शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने इससे पहले भारत सरकार और संबंधित अधिकारियों के साथ तीर्थयात्रियों के सामान के परिवहन में देरी का मुद्दा उठाया था। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री को भेजे अपने पत्र में उन्होंने सामान की समय पर डिलीवरी और बिना किसी रुकावट के हैंडलिंग की आवश्यकता पर जोर दिया था। इस साल जम्मू-कश्मीर से कुल 4,641 तीर्थयात्रियों ने हज किया जिनमें से 3,952 तीर्थयात्रियों की वापसी श्रीनगर एम्बार्केशन पाइंट (प्रस्थान केंद्र) के माध्यम से होनी है।
वापसी की उड़ानें 2 जून से 16 जून 2026 के बीच निर्धारित हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार नासिर असलम वानी, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव धीरज गुप्ता, डिप्टी कमिश्नर बडगाम आमिर अथर खान, नागरिक प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, जम्मू-कश्मीर हज समिति के प्रतिनिधि, एयरपोर्ट अथारिटी और अन्य संबंधित एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
मेष: दिन शुभ रहेगा...