PoJK में अधिकारों के दमन का आरोप, BJP ने पाकिस्तान को घेरा
August 6, 2026
Allegations of suppression of rights in PoJK : जम्मू-कश्मीर। भाजपा ने पाकिस्तान के कब्ज़े वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में मानवाधिकारों के कथित उल्लंघन और लोकतांत्रिक अधिकारों के दमन को लेकर पाकिस्तान की कड़ी आलोचना की है। पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग, मनमानी गिरफ्तारियां और संचार प्रतिबंध लगाए जा रहे हैं, साथ ही PoJK के लोगों के लिए जवाबदेही, न्याय और नागरिक स्वतंत्रता सुनिश्चित करने की मांग की।
जम्मू में BJP मुख्यालय में एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी के प्रवक्ता एडवोकेट अंकुर शर्मा, ज़ोरावर सिंह जम्वाल और विक्रम मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि पाकिस्तान एक वैचारिक देश के तौर पर नाकाम हो रहा है। उन्होंने दावा किया कि PoJK और दूसरे इलाकों में बढ़ते जन-आंदोलन देश के शासन के प्रति लोगों की बढ़ती नाराज़गी को दिखाते हैं। एडवोकेट अंकुर शर्मा ने आरोप लगाया कि PoJK के लोग बुनियादी आज़ादी पर लगी पाबंदियों का सामना कर रहे हैं, जबकि वे निष्पक्ष चुनाव, ज़्यादा राजनीतिक स्वायत्तता, सस्ती बिजली, पारदर्शी शासन और हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं की रिहाई की मांग कर रहे हैं
PoJK पर BJP का पाकिस्तान पर हमला
उन्होंने आगे दावा किया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शनों का सामना अत्यधिक बल प्रयोग, मनमानी गिरफ्तारियों, संचार पर पाबंदियों और आतंकवाद-रोधी कानूनों के इस्तेमाल से किया गया है। शर्मा ने BJP के इस रुख को भी दोहराया कि PoJK भारत का अभिन्न अंग है और इस मुद्दे पर 1994 के संसदीय प्रस्ताव का ज़िक्र किया। BJP प्रवक्ता ज़ोरावर सिंह जम्वाल ने आरोप लगाया कि PoJK के लोग लगातार मुश्किलों का सामना कर रहे हैं और उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इस स्थिति पर ध्यान देने की अपील की। उन्होंने कथित हत्याओं और ज़बरदस्ती गायब किए जाने की घटनाओं की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच की मांग की।
विक्रम मल्होत्रा ने पाकिस्तान में अभिव्यक्ति की आज़ादी, संगठन बनाने की आज़ादी और राजनीतिक विरोधियों के साथ बर्ताव को लेकर जताई गई चिंताओं पर UN मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय (OHCHR) की टिप्पणियों का ज़िक्र किया। BJP नेताओं ने कश्मीर की राजनीतिक पार्टियों की भी आलोचना की, क्योंकि उनके मुताबिक वे PoJK में मानवाधिकारों के कथित उल्लंघन पर चुप रहीं। उन्होंने पाकिस्तान पर शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों को निशाना बनाने का आरोप लगाया, जबकि BJP के अनुसार, वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर घोषित आतंकवादी संगठनों के खिलाफ कार्रवाई करने में नाकाम रहा है। पार्टी ने जवाबदेही, नागरिक स्वतंत्रता की सुरक्षा और PoJK के लोगों के लिए न्याय की अपनी मांग दोहराई।