
District Highway Safety Task Force constituted : श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन और सड़क सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए हर जिले में डिस्ट्रिक्ट हाईवे सेफ्टी टास्क फोर्स का गठन किया है। जिला मजिस्ट्रेट इसके चेयरपर्सन होंगे, जबकि पुलिस, परिवहन, NHAI, NHIDCL और संबंधित विभागों के अधिकारी इसमें शामिल रहेंगे। टास्क फोर्स दुर्घटना संभावित स्थानों, अतिक्रमण, अनधिकृत कटों और ट्रैफिक व्यवस्था की निगरानी कर सड़क हादसों को रोकने के उपाय सुनिश्चित करेगी।
चेयरपर्सन अपनी ज़िम्मेदारियों को प्रभावी ढंग से निभाने के लिए ज़रूरत पड़ने पर किसी अन्य सदस्य को भी शामिल कर सकते हैं। इन टास्क फोर्स को अहम ज़िम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं, जिनमें फलोदी एक्सीडेंट मामले में सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी निर्देशों के पालन की निगरानी करना शामिल है। वे नेशनल हाईवे और अन्य मुख्य सड़कों पर अतिक्रमण और अनधिकृत एक्सेस पॉइंट्स को हटाने की निगरानी भी करेंगे, और हाईवे से सटे ज़मीन के इस्तेमाल के नियमों की समीक्षा करेंगे और संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर सुधार के उपाय सुझाएंगे। ये पैनल हाईवे की निगरानी, नियमों को लागू करने की गतिविधियों, ट्रैफिक मैनेजमेंट के उपायों और सड़क सुरक्षा से जुड़ी अन्य पहलों की देखरेख करेंगे। वे दुर्घटना-संभावित जगहों की पहचान करेंगे और सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए इंजीनियरिंग, नियमों को लागू करने और जागरूकता बढ़ाने जैसे उपाय सुझाएंगे।
टास्क फोर्स सड़क सुरक्षा उपायों को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए सभी संबंधित विभागों और एजेंसियों के बीच तालमेल सुनिश्चित करेंगे। वे नियमों के पालन और हुई प्रगति के बारे में संबंधित प्रशासनिक विभाग के ज़रिए सरकार को समय-समय पर रिपोर्ट सौंपेंगे। आदेश में यह भी कहा गया है कि ज़िले में सड़क सुरक्षा उपायों के पालन की स्थिति की समीक्षा के लिए हर दो हफ़्ते में कम से कम एक बार बैठक की जानी चाहिए। टास्क फोर्स हाईवे सुरक्षा और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों को लागू करने से जुड़े ऐसे अन्य काम भी करेंगे जो सरकार उन्हें सौंपेगी। आदेश में कहा गया है कि इस कदम का मकसद सड़क सुरक्षा उपायों को मज़बूत करना और केंद्र शासित प्रदेश में विभागों के बीच तालमेल के साथ कार्रवाई सुनिश्चित करना है।
मेष: दिन शुभ रहेगा...