Protest Across Punjab Over Pending Demands : लुधियाना। लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर कृषि विभाग के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने सरकार के स्तर पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होने के विरोध में सोमवार को राज्यभर में धरना दिया। प्लांट डॉक्टर सर्विसेज के आह्वान पर आयोजित प्रदर्शन में कृषि अधिकारियों के खाली पदों, पदोन्नति में देरी और वेतन समानता समेत विभिन्न मुद्दे उठाए गए। संगठन ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
पीडीएस के अध्यक्ष डॉ. जसवंत सिंह ने कहा कि पिछले साढ़े चार वर्षों में सरकार की ओर से नियुक्त शीर्ष अधिकारियों के साथ अनगिनत बैठकें हुईं, लेकिन त्रासदी यह थी कि सरकार ने झूठी मांगों को छोड़कर सही मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया। उन्होंने कहा कि राज्य का कृषि विभाग सीधे पंजाब की कृषि से जुड़ा हुआ है। कृषि विभाग में तकनीकी पदों के नुकसान से भी कृषि को नुकसान होता है।
स्थिति यह है कि कृषि प्रधान राज्य होने के बावजूद पूरे पंजाब में कृषि अधिकारियों के लगभग 100 पद खाली पड़े हैं। पदोन्नति की अवधि छह वर्ष तय की गई है, लेकिन 14 वर्षों में कृषि अधिकारियों को पदोन्नत नहीं किया गया है, जो विभाग के अधिकारियों के साथ घोर अन्याय है। पदोन्नति देने के बजाय प्रत्येक अधिकारी को अलग-अलग पदों का प्रभार देकर विभाग चलाया जा रहा है। विभाग में काम करने वाले कर्मचारियों के साथ-साथ कृषि की पढ़ाई करने वाले छात्रों को भी परेशान किया जा रहा है।
1986 से पशु चिकित्सा अधिकारियों के साथ कृषि विभाग के अधिकारियों की वेतन समानता को 4 मार्च, 2022 के पत्र का हवाला देकर जानबूझकर तोड़ा गया है और विकास अधिकारियों को उनके उचित अधिकारों से वंचित किया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक सरकार अपना फैसला वापस नहीं लेती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
मेष: दिन शुभ रहेगा...