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Vote के लिये प्रत्याशी ने बांटे प्रेशर कुकर-पैसे, हार के बाद मांगा वापस, मचा बवाल

Aswaraopet Municipality preshar cooker

Aswaraopet Municipality preshar cooker

नेशनल डेस्क। भद्राद्री कोठागुडेम जिले के अश्वरावपेट नगर पालिका के वार्ड नंबर 10 में चुनाव के बाद एक अजीब और विवादित मामला सामने आया। जहां, कांग्रेस का एक उम्मीदवार हार की आशंका से पहले ही लोगों को पैसे और घरेलू सामान (जैसे प्रेशर कुकर) बांटने लगा था। लेकिन जब चुनाव में उसे उम्मीद के मुताबिक वोट नहीं मिले और वह वार्ड नहीं जीत पाया, तो वह लोगों से दिया गया सामान और पैसे वापस मांगने लगा। इससे इलाके में गुस्सा और विवाद बढ़ गया।

 

वोट नहीं मिले तो उम्मीदवार नाराज
स्थानीय लोगों के अनुसार, चुनाव से पहले उम्मीदवार ने कई घरों में जाकर नकद पैसे और प्रेशर कुकर बांटे थे। लोगों का कहना है कि यह सब वोट पाने के लिए किया गया था। लेकिन जब नतीजे आए और कांग्रेस उम्मीदवार हार गया, तो वह कथित तौर पर उन लोगों के पास जाने लगा जिन्हें उसने सामान दिया था और वापस करने की मांग करने लगा। इससे लोग नाराज हो गए। उनका कहना था “हमने कभी आपसे पैसे या कुकर नहीं मांगे थे, अब हमसे वापस क्यों मांग रहे हो?” लोगों को लगा कि उनसे उनकी इज्ज़त के खिलाफ व्यवहार किया जा रहा है और उन पर दबाव डाला जा रहा है।

लोगों का विरोध: सड़क पर रखे कुकर
उम्मीदवार की इस मांग के विरोध में वार्ड के कई लोग इकट्ठा हो गए। उन्होंने गुस्से में आकर उम्मीदवार द्वारा बांटे गए प्रेशर कुकर सड़क के बीच में रख दिए और विरोध प्रदर्शन किया। इस अनोखे प्रदर्शन ने राहगीरों और स्थानीय अधिकारियों का ध्यान खींच लिया। इलाके में इस घटना को लेकर राजनीतिक चर्चा और आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए।

 

मौके पर पहुंची पुलिस
जैसे ही विरोध की खबर फैली, पुलिस मौके पर पहुंच गई। अधिकारियों ने लोगों को शांत कराया और भीड़ हटाने की कोशिश की। स्थिति बिगड़ने से रोकने के लिए कुछ लोगों को थोड़ी देर के लिए हिरासत में भी लिया गया, हालांकि किसी बड़े टकराव या हिंसा की खबर नहीं है। पुलिस ने बताया कि हालात अब नियंत्रण में हैं और सभी पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।

 

लोगों का आरोप: वोटरों पर दबाव की कोशिश
वार्ड के लोगों और स्थानीय सदस्यों ने इस पूरे मामले को वोटरों पर दबाव बनाने की कोशिश बताया। उनका कहना है कि हर नागरिक को बिना डर और दबाव के अपनी पसंद का उम्मीदवार चुनने का अधिकार है। लोगों का यह भी कहना है कि चुनाव हारने के बाद सामान वापस मांगना अपमानजनक है और यह मतदाताओं की गरिमा के खिलाफ है।

 

अब तक शिकायत दर्ज नहीं
स्थानीय प्रशासन ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि कांग्रेस उम्मीदवार के खिलाफ कोई औपचारिक शिकायत दर्ज हुई है या नहीं। लेकिन वार्ड नंबर 10 के लोगों का कहना है कि वे इस मुद्दे पर कार्रवाई की मांग जारी रखेंगे, क्योंकि उनके मुताबिक यह उनकी इज्ज़त से जुड़ा मामला है।

 

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