नेशनल डेस्क : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अंबेडकर नगर की बहादुर बच्ची अनन्या यादव को सम्मानित किया, जो बुलडोजर एक्शन के दौरान अपनी किताबों के साथ दौड़ते हुए दिखी थी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, और अब अखिलेश यादव ने अनन्या को स्कूल बैग देकर सम्मानित किया है। साथ ही अब से अनन्या की पढ़ाई का जिम्मा अखिलेश यादव उठाएंगे। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
अनन्या को जीरो पावर्टी योजना में जोड़ा जाए
आपको बता दें कि अखिलेश यादव ने इस मौके पर अनन्या और उसके परिवार की मदद की बात की। उन्होंने सरकार से अपील की कि अनन्या और उसके गांव के गरीब परिवारों को जीरो पावर्टी योजना के तहत मदद मिलनी चाहिए और उन सभी को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घर देने चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पीड़ितों के वीडियो भी दिखाए, जिनमें प्रेमलता, सुनीता शुक्ला और बिछिया देवी शामिल थीं। बिछिया देवी की खड़ी फसल को जुतवाने का मामला भी उठाया गया। उन्होंने महिला अपराध के मामले में योगी सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह से बिगड़ चुकी है।
भ्रष्टाचार पर BJP सरकार को घेरा…
इसके साथ ही अखिलेश यादव ने बीजेपी सरकार पर भ्रष्टाचार और कानून व्यवस्था के मुद्दे पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि बीजेपी के लोग अब न्याय की मांग कर रहे हैं, लेकिन उनकी सरकार ने जो वादे किए थे, वे पूरे नहीं हो पाए। उन्होंने यह भी कहा कि इस सरकार के भ्रष्टाचार के मामले केवल बंटवारे से जुड़े हैं, न कि किसी आईएएस अधिकारी के भ्रष्टाचार से।
80-20 का नारा फेल, अब मामला 90-10…
सपा प्रमुख ने बीजेपी के 80-20 के नारे पर भी कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि बीजेपी खुद मान चुकी है कि उनका 80-20 का नारा अब काम नहीं करेगा। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि हम लोग 80 में आते हैं या 20 में? उन्होंने इस मुद्दे को और गंभीर करते हुए कहा कि अब यह मामला अस्सी बीस का नहीं बल्कि नब्बे दस का हो चुका है। अखिलेश यादव ने कहा कि बीजेपी के मुख्यमंत्री आवास में छिपे हुए भ्रष्टाचारी न तो निवेश ला पाए हैं और न ही रोजगार दे पाए हैं, और उनके दोस्त तो टैरिफ भी लगा रहे हैं।
अखिलेश यादव ने इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश की वर्तमान सरकार को कठघरे में खड़ा करते हुए महिला अपराध, भ्रष्टाचार, और कानून व्यवस्था पर तीखा हमला किया। साथ ही, उन्होंने अनन्या यादव और उसके परिवार के लिए सरकारी मदद की मांग की और बीजेपी के 80-20 नारे पर भी सवाल उठाए।

