नेशनल डेस्क : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत-पाकिस्तान के बीच चले रहे हालात पर एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा है कि अगर इन दोनों देशों के बीच फिर से युद्ध जैसी स्थिति बनती है, तो अमेरिका किसी के भी साथ व्यापार समझौता नहीं करेगा। ट्रंप का यह बयान ऐसे समय में आया है जब भारत और पाकिस्तान के बीच संबंधों में कई बार उतार-चढ़ाव देखने को मिलते हैं। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
व्यापार के जरिए शांति कायम करने की कोशिश
दरअसल, राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अमेरिका इस समय भारत और पाकिस्तान दोनों के साथ व्यापारिक समझौते करने की प्रक्रिया में है और इस बात पर उन्हें गर्व है। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने व्यापार को हथियार बनाकर दोनों देशों के बीच संभावित परमाणु युद्ध को टालने की कोशिश की है। ट्रंप के मुताबिक, जब देश एक-दूसरे से व्यापार करते हैं तो उनके बीच शांति बनाए रखना आसान होता है।
भारत-पाक के इतिहास का किया जिक्र
ट्रंप ने बातचीत में कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच पहले भी कई बार युद्ध हो चुके हैं, लेकिन हर बार संघर्ष के बाद शांति की ओर कदम बढ़े हैं। इस बार अमेरिका ने पहले से ही व्यापार को माध्यम बनाकर शांति की दिशा में पहल की है, जिससे हालात अब बेहतर दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने इसे अपनी सरकार की एक बड़ी उपलब्धि बताया।
ज्वाइंट बेस एंड्रयूज में ट्रंप की टिप्पणी
एयरफोर्स वन से उड़ान भरने के बाद ज्वाइंट बेस एंड्रयूज में संवाददाताओं से बात करते हुए ट्रंप ने बताया कि अगले सप्ताह पाकिस्तान के प्रतिनिधि अमेरिका आ रहे हैं। वहीं भारत के साथ व्यापार समझौता भी अब अंतिम चरण में है। उन्होंने यह भी कहा कि यह समझौते तभी होंगे जब दोनों देश शांति बनाए रखें। अगर युद्ध जैसी स्थिति बनती है तो अमेरिका किसी के साथ कोई समझौता नहीं करेगा।
युद्ध के खिलाफ ट्रंप का कड़ा रुख
ट्रंप ने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका किसी ऐसे देश का समर्थन नहीं करेगा जो युद्ध की राह पर चल रहा हो। उन्होंने दोनों देशों को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर भारत और पाकिस्तान फिर से लड़ाई की तरफ बढ़ते हैं, तो अमेरिका किसी एक पक्ष के साथ खड़ा नहीं होगा, बल्कि वह दोनों से दूरी बनाएगा। यह बयान शांति और स्थिरता के लिए ट्रंप की सोच को दर्शाता है।

