नेशनल डेस्क: दिल्ली में एनडीए (राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन) के मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों की बैठक के बाद भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कई अहम मुद्दों पर बयान दिए। उन्होंने बैठक में पारित प्रस्तावों और महत्वपूर्ण निर्णयों के बारे में जानकारी दी, साथ ही जातिगत जनगणना के समर्थन में बयान दिया।
एनडीए की बैठक और प्रस्तावों पर चर्चा
जेपी नड्डा ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए के मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों की यह बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में 20 मुख्यमंत्रियों और 18 उपमुख्यमंत्रियों ने भाग लिया। उन्होंने कहा कि दो प्रमुख प्रस्ताव पारित किए गए, जिनमें से पहला था “ऑपरेशन सिंदूर,” जो भारतीय सेना द्वारा चलाए गए एक अभियान से संबंधित था। नड्डा ने बताया कि इस प्रस्ताव में सेना की बहादुरी और कार्यों की सराहना की गई, और यह सर्वसम्मति से पारित किया गया।
जातिगत जनगणना पर प्रस्ताव पारित
जेपी नड्डा ने बैठक में जातिगत जनगणना पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा, “इस बैठक में जातिगत जनगणना को लेकर भी प्रस्ताव पारित किया गया, और सभी ने इस पर अपनी सहमति दी है। हम जाति की राजनीति नहीं करते, बल्कि हम उन वंचित, पीड़ित और शोषित लोगों को मुख्यधारा में लाना चाहते हैं, जो अब तक छूट गए हैं। यह समाज की जरूरत है, और प्रधानमंत्री मोदी के इस फैसले की हम सराहना करते हैं।”
नक्सलवाद के खिलाफ अभियान पर चर्चा
नड्डा ने कहा कि बैठक में नक्सलवाद के खिलाफ चल रहे अभियानों पर भी चर्चा हुई। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में नक्सलवाद के खिलाफ किस तरह की लड़ाई लड़ी जा रही है और उसे किस हद तक सफलता मिल रही है। गृह मंत्री विजय शर्मा ने यह भी बताया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों का पुनर्वास कैसे किया जा रहा है और उन्हें मुख्यधारा में कैसे शामिल किया जा रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नक्सलवाद के खिलाफ रणनीति पर भी चर्चा की और मुख्यमंत्रियों को इस अभियान की दिशा में मार्गदर्शन दिया।
आपातकाल के 50 साल पूरे होने पर एनडीए का अभियान
जेपी नड्डा ने इस बैठक के बाद यह भी घोषणा की कि 25 और 26 जून को आपातकाल के 50 साल पूरे हो जाएंगे। इस अवसर पर एनडीए जनता को उन लोगों के बारे में जानकारी देगा जिन्होंने लोकतंत्र का गला घोंटने की कोशिश की थी। नड्डा ने कहा, “एनडीए इस दिन को राष्ट्रीय स्तर पर उजागर करेगा और लोगों को बताएगा कि किस तरह से लोकतंत्र पर हमला किया गया था।”

