Last Updated: October 17, 2026

Dainik Savera Times Logo

‘कांग्रेस की मानसिकता अब भी आपातकाल जैसी’, चुनाव आयोग पर विपक्ष के आरोपों पर सुधांशु त्रिवेदी

July 25, 2025

‘कांग्रेस की मानसिकता अब भी आपातकाल जैसी’, चुनाव आयोग पर विपक्ष के आरोपों पर सुधांशु त्रिवेदी

नेशनल डेस्क: भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने विपक्ष, खासकर कांग्रेस और राहुल गांधी पर चुनाव आयोग को लेकर लगाए गए आरोपों पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अब भी आपातकाल जैसी सोच रखती है, जिसमें संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता को नजरअंदाज किया जाता था।

चुनाव आयोग पर कांग्रेस के आरोपों पर क्या बोले त्रिवेदी?

सुधांशु त्रिवेदी ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान पर कांग्रेस द्वारा चुनाव आयोग पर लगाए गए आरोपों को “बेतुका और निराधार” बताया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस केवल तभी संवैधानिक संस्थाओं पर भरोसा करती है जब वह चुनाव जीतती है। उन्होंने कहा, “आज राहुल गांधी वही कर रहे हैं जो कभी इंदिरा गांधी ने किया था, अगर चुनाव जीतते हैं तो चुनाव आयोग सही है, नहीं जीतते तो गलत। इससे उनकी मानसिकता का पता चलता है, जो आपातकाल जैसी है।”

महाराष्ट्र चुनाव की भी चर्चा

त्रिवेदी ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि वहां हार के बाद कांग्रेस ने चुनाव आयोग को दोषी ठहराया था। लेकिन कांग्रेस के ही एक वरिष्ठ नेता आशीष दुआ, जो 2018 से 2024 तक महाराष्ट्र के प्रभारी रहे, ने एक लेख में लिखा कि पार्टी की हार की वजह उसकी अपनी कमजोरियाँ थीं, न कि चुनाव आयोग।

राहुल गांधी की चेतावनी पर प्रतिक्रिया

राहुल गांधी ने हाल ही में संसद भवन के बाहर कहा था कि “अगर चुनाव आयोग को लगता है कि वो बच जाएगा, तो वो गलतफहमी में है। हम उन्हें नहीं छोड़ेंगे।” इस पर सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि यह धमकी जैसी भाषा है और यह कांग्रेस की संस्थाओं को डराने की पुरानी आदत को दिखाता है।

पीएम मोदी की उपलब्धियों का जिक्र

त्रिवेदी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक बड़ी उपलब्धि पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि “मोदी जी ने 4078 दिन लगातार प्रधानमंत्री पद पर रहते हुए इंदिरा गांधी का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। वे अब जवाहरलाल नेहरू के बाद सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले प्रधानमंत्री बन गए हैं।” उन्होंने यह भी कहा कि मोदी जी एकमात्र ऐसे प्रधानमंत्री हैं जो पूरी तरह जनादेश से चुनकर आए हैं, जबकि नेहरू और इंदिरा गांधी परिस्थितियों के कारण पहली बार प्रधानमंत्री बने थे।

मोदी की खास पहचान

आज़ादी के बाद जन्मे पहले सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले प्रधानमंत्री
किसी गैर-हिंदी भाषी राज्य से आने वाले पहले सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले प्रधानमंत्री
सबसे लंबे समय तक लगातार काम करने वाले गैर-कांग्रेसी प्रधानमंत्री

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें