
नेशनल डेस्क : दिल्ली नगर निगम (MCD) के मेयर चुनाव को लेकर राजनीति में हलचल तेज हो गई है। इस बार आम आदमी पार्टी (AAP) ने यह फैसला लिया है कि वह मेयर चुनाव में अपना उम्मीदवार नहीं उतारेगी। इस कदम से स्पष्ट है कि AAP इस चुनाव को लेकर कोई सक्रिय भूमिका नहीं निभाएगी। दूसरी ओर, बीजेपी ने अपने उम्मीदवारों का ऐलान भी कर दिया है, और अब यह माना जा रहा है कि दिल्ली में बीजेपी की “ट्रिपल इंजन” सरकार बनना तय है। आइए जानते है इस पूरी खबर को विस्तार से…
मेयर और डिप्टी मेयर के उम्मीदवार घोषित
आपको बता दें कि बीजेपी ने दिल्ली में मेयर और डिप्टी मेयर के उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है। बीजेपी ने सरदार राजा सिंह को नए मेयर के रूप में और भगवान यादव को डिप्टी मेयर के रूप में उम्मीदवार बनाया है। इस घोषणा से बीजेपी की स्थिति और भी मजबूत हो गई है, क्योंकि पार्टी को MCD में बहुमत प्राप्त है। वहीं बीजेपी की इस मजबूत स्थिति के बाद, यह अनुमान जताया जा रहा है कि केंद्र और दिल्ली में सरकार बनाने के बाद अब MCD में भी बीजेपी का कब्जा हो जाएगा। दिल्ली के मेयर चुनाव के लिए नामांकन की आखिरी तारीख 21 अप्रैल है, और 25 अप्रैल को चुनाव होगा।
इस बार मेयर चुनाव में नहीं लड़ा जाएगा… आप
दरअसल, दिल्ली में मेयर का चुनाव इस बार आम आदमी पार्टी के लिए एक बड़े सवाल बन गया है, क्योंकि पार्टी ने इस बार मेयर का चुनाव न लड़ने का फैसला लिया है। हालांकि, AAP के पास MCD में ज्यादा संख्या नहीं है और पार्टी का फोकस इस समय दिल्ली सरकार पर है, इसलिए उसने मेयर चुनाव में भाग न लेने का फैसला किया है।आम आदमी पार्टी के इस फैसले से बीजेपी को एक तरह से फायदा हो रहा है, क्योंकि इसका मतलब है कि मेयर के पद के लिए प्रतिस्पर्धा कम होगी और बीजेपी के लिए सत्ता पर काबिज़ होना आसान हो जाएगा।
BJP की “ट्रिपल इंजन” सरकार का इशारा
बीजेपी की केंद्र, दिल्ली और MCD में सरकार बनने की संभावनाएं मजबूत होती दिख रही हैं। पार्टी ने पहले केंद्र में सत्ता संभाली थी, फिर दिल्ली में विधानसभा चुनावों में जीत हासिल की, और अब MCD के चुनावों में भी पार्टी का दबदबा कायम है। इस तरह, बीजेपी की “ट्रिपल इंजन” सरकार बनने की संभावना प्रबल होती जा रही है।
दिल्ली के मेयर चुनाव को लेकर बीजेपी का पलड़ा भारी दिखाई दे रहा है। आम आदमी पार्टी के मेयर चुनाव में हिस्सा न लेने के फैसले के बाद बीजेपी के लिए दिल्ली के MCD में सत्ता पर काबिज़ होना लगभग तय है। अब, 25 अप्रैल को होने वाले मेयर चुनाव में बीजेपी का उम्मीदवार ही विजयी होगा, और इस तरह दिल्ली में बीजेपी की सत्ता का मजबूत होना तय है।
आतिशी ने भाजपा पर लगाए आरोप…
आतिशी ने कहा कि भाजपा हमेशा पिछले दरवाजे से सत्ता में आने की कोशिश करती रही है। हमने यह पैटर्न कई राज्यों में देखा है, जहां जनादेश न होने के बावजूद भाजपा ने सरकार बनाई। दिल्ली नगर निगम चुनाव को भी जानबूझकर गुजरात विधानसभा चुनाव के साथ कराया गया ताकि आम आदमी पार्टी की ताकत को कमजोर किया जा सके। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले ढाई वर्षों से भाजपा आम आदमी पार्टी के पार्षदों पर दबाव बनाकर, डराकर और लालच देकर अपने पाले में लाने की कोशिश कर रही है। लेकिन आम आदमी पार्टी इस तरह की राजनीति में विश्वास नहीं करती। हम दिल्ली की जनता का सम्मान करते हैं और किसी भी पार्षद को तोड़ने की कोशिश नहीं करेंगे।