इंटरनेशनल डेस्क: इजराइल ने दावा किया है कि उसने ईरान के एक बड़े सैन्य अधिकारी मेजर जनरल अली शादमानी को मार गिराया है। यह हमला तेहरान (ईरान की राजधानी) में हुआ। इजराइली सेना (IDF) के मुताबिक, यह हमला बेहद सटीक खुफिया जानकारी के आधार पर किया गया था।
4 दिन पहले संभाला था कार्यभार
शादमानी को सिर्फ चार दिन पहले ही ईरान की सेना के “युद्धकालीन चीफ ऑफ स्टाफ” के तौर पर नियुक्त किया गया था। वह ईरान की सबसे अहम सैन्य कमान ‘खतम-अल-अनबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर’ के प्रमुख बने थे, जो युद्ध के समय पूरे सैन्य संचालन की जिम्मेदारी संभालता है। वे ईरान की दोनों सेनाओं- इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) और नियमित सेना की देखरेख कर रहे थे।
इससे पहले इस पद पर मेजर जनरल घोलाम अली राशिद थे, जिनकी हत्या पिछले शुक्रवार को हुई थी। राशिद की मौत के बाद, ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई ने सोशल मीडिया पर शादमानी को नया प्रमुख घोषित किया था। खामेनेई ने शादमानी के अनुभव की तारीफ करते हुए उन्हें पदोन्नत किया था।
बीते पांच दिनों से जारी है एक दूसरे पर हमले
इजराइल का यह हमला एक बड़े घटनाक्रम का हिस्सा है। इजराइल और ईरान पिछले पांच दिनों से लगातार एक-दूसरे पर हमले कर रहे हैं। इन हमलों में दोनों देशों के सैनिकों के साथ-साथ आम नागरिकों की भी जान गई है। इजराइल के इस हमले के कुछ घंटे पहले ही कनाडा में चल रहे जी7 शिखर सम्मेलन में दुनिया के बड़े नेताओं ने इजराइल के “आत्मरक्षा के अधिकार” को समर्थन दिया था। जी7 देशों ने यह भी कहा कि वे मध्य पूर्व में शांति और स्थिरता चाहते हैं।
पूर्वी तेहरान में भारी एंटी-एयरक्राफ्ट फायरिंग
उधर, मंगलवार सुबह ईरान की राजधानी तेहरान में कई बड़े धमाकों की खबरें आईं। ईरानी मीडिया ने बताया कि पूर्वी तेहरान में धुएं के गुबार देखे गए और भारी एंटी-एयरक्राफ्ट फायरिंग हुई, जिसमें ईरान ने इजराइली हमलों को रोकने की कोशिश की। बताया जा रहा है कि ईरान की नतांज परमाणु साइट के पास भी वायु रक्षा प्रणाली सक्रिय की गई।

