नेशनल डेस्क : प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मंगलवार को कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी के पति और लोकसभा सांसद रॉबर्ट वाड्रा को एक जमीन सौदे से जुड़ी जांच में दूसरा समन भेजा है। यह समन शिकोहपुर जमीन सौदे के बारे में भेजा गया है, जिसमें वाड्रा की कंपनी का नाम सामने आया है। यह पहला मौका नहीं है जब ED ने रॉबर्ट वाड्रा को समन भेजा हो। इससे पहले 8 अप्रैल 2025 को भी उन्हें समन भेजा गया था, लेकिन वह उस दिन ED के समक्ष पेश नहीं हुए थे। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
शिकोहपुर जमीन सौदा, क्या है पूरा मामला ?
आपको बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय इस समय एक मनी लॉन्ड्रिंग की जांच कर रहा है, जो रॉबर्ट वाड्रा की कंपनी स्काईलाइट हॉस्पिटैलिटी से जुड़ी है। ED के अनुसार, वाड्रा की कंपनी ने फरवरी 2008 में गुरुग्राम के शिकोहपुर में 3.5 एकड़ जमीन 7.5 करोड़ रुपये में खरीदी थी। इसके बाद, उन्होंने इस जमीन को एक बड़े रियल एस्टेट डेवलपर डीएलएफ को 58 करोड़ रुपये में बेच दिया। ED को शक है कि इस सौदे से बहुत अधिक मुनाफा कमाया गया, और शायद इसमें मनी लॉन्ड्रिंग की गतिविधियाँ हो सकती हैं। इस संदर्भ में ED ने वाड्रा को पूछताछ के लिए समन भेजा है, ताकि वह इस मुनाफे के स्रोत का खुलासा कर सकें।
#WATCH | Delhi: Businessman Robert Vadra reaches the ED office after being summoned in connection with a Gurugram land case. pic.twitter.com/aCw5wvOCsW
— ANI (@ANI) April 15, 2025
ED दफ्तर के लिए पैदल निकले रॉबर्ट वाड्रा
ED द्वारा भेजे गए दूसरे समन के बाद, रॉबर्ट वाड्रा अपने घर से पैदल ही प्रवर्तन निदेशालय के दफ्तर की ओर रवाना हो गए। रास्ते में उन्होंने मीडिया से बातचीत भी की। इस दौरान, वाड्रा ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि यह कार्रवाई बदले की भावना से की जा रही है। वाड्रा का कहना था, “मुझे यह नहीं पता कि मेरे खिलाफ दोष क्या है। जांच एजेंसियों का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है। मुझे कुछ भी छुपाने की जरूरत नहीं है। अगर मेरे खिलाफ कुछ है तो वह सामने लाया जाए।” वाड्रा ने यह भी कहा कि वह 20 साल से इस मामले में जांच का सामना कर रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें कुछ भी नहीं मिला है। उन्होंने अपनी स्थिति को निर्दोष बताया और जांच एजेंसियों की निष्पक्षता पर सवाल उठाए।
राजनीति में एंट्री की इच्छा
हाल ही में, आंबेडकर जयंती के मौके पर, रॉबर्ट वाड्रा ने राजनीति में प्रवेश करने की इच्छा भी जाहिर की थी। उन्होंने कहा था, “अगर जनता चाहती है, तो मैं राजनीति में पूरी ताकत के साथ आ सकता हूं और इसके लिए मैं पूरी मेहनत करूंगा।” वाड्रा ने पहले भी कई बार राजनीति में अपनी एंट्री को लेकर बयान दिए हैं, और अब उन्होंने इसे और स्पष्ट किया है कि वह इसके लिए तैयार हैं। उनका कहना है कि वह जनता के समर्थन से ही आगे बढ़ेंगे।
प्रवर्तन निदेशालय की जांच अब रॉबर्ट वाड्रा के खिलाफ और भी गहराई से चल रही है। शिकोहपुर भूमि सौदे से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप गंभीर हैं, और ED जांच में जुटी है कि इस सौदे के पीछे क्या छिपा हुआ है। हालांकि, वाड्रा ने खुद को निर्दोष बताते हुए सरकार और जांच एजेंसियों पर आरोप लगाए हैं। इस सब के बीच, उन्होंने राजनीति में आने के संकेत भी दिए हैं, जिसे लेकर चर्चा तेज हो गई है।

