नेशनल डेस्क : छत्तीसगढ़ में चल रहे नक्सल ऑपरेशन अभियान में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। डीआरजी (जिला रिजर्व गार्ड) जवानों और नक्सलियों के बीच 50 घंटे से अधिक समय से चल रहे नक्सल विरोधी अभियान में सुरक्षा बलों ने CPI (माओवादी) के जनरल सेक्रेटरी बासव राजू को मार गिराया है। सरकारी सूत्रों के हवाले से जानकारी प्राप्त हुई है कि बासव राजू के सिर पर एक करोड़ का इनाम था। वह CPI (माओवादी) के एक बड़े नेता के रूप में नक्सली गतिविधियों का नेतृत्व कर रहा था। उसकी मौत को सुरक्षा बलों के लिए एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
50 घंटे से ज्यादा समय तक चला अभियान
सुरक्षा बलों ने नक्सलियों के खिलाफ अभियान की शुरुआत की थी, जो लगभग 50 घंटे तक चलता रहा। इस ऑपरेशन में सुरक्षा बलों ने नक्सलियों के सैन्य ठिकानों और छुपे हुए स्थानों पर तगड़ी कार्रवाई की। बासव राजू की मौत नक्सल संगठन के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि वह संगठन के शीर्ष नेतृत्व में से एक महत्वपूर्ण सदस्य था। इस सफलता से यह भी साफ होता है कि सुरक्षा बलों की रणनीति और उनकी बहादुरी ने नक्सलवाद के खिलाफ एक बड़ा कदम उठाया है।
इस अभियान की सफलता को राज्य सरकार और सुरक्षा बलों की एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है, जो नक्सलवाद के खिलाफ संघर्ष में अहम भूमिका निभाता है। बासव राजू की मौत से नक्सली संगठन को एक झटका जरूर लगेगा, लेकिन यह पूरी तरह से नक्सलवाद के खिलाफ निर्णायक जीत की ओर एक कदम है।

