इंटरनेशनल डेस्क: यूक्रेन की सुरक्षा सेवा (SBU) ने मंगलवार को क्रीमियन ब्रिज पर एक बड़ा और अनोखा हमला किया है। इस बार, SBU ने पुल के जलमग्न आधार यानी अंडरवॉटर सपोर्ट्स को निशाना बनाकर विस्फोट किया, जिससे पुल को गंभीर नुकसान हुआ है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस ऑपरेशन में 1,100 किलोग्राम TNT विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया है।
सुबह 4:44 बजे हुआ विस्फोट
लोकल मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, विस्फोट स्थानीय समयानुसार सुबह 4:44 बजे हुआ। SBU ने बताया कि यह ऑपरेशन महीनों की योजना और तैयारी का परिणाम था। इस बार, SBU का उद्देश्य क्रीमियन ब्रिज के जलमग्न पोल को निशाना बनाकर पुल के आधार को कमजोर करना था।
क्रीमियन ब्रिज (केर्च ब्रिज) का महत्व
क्रीमियन ब्रिज, जिसे केर्च ब्रिज भी कहा जाता है, रूस और क्रीमिया को जोड़ने वाला एक अहम रोड और रेल ब्रिज है। इसे 2014 में रूस द्वारा क्रीमिया के कब्जे के बाद बनाया गया था और यह राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के लिए एक महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट माना जाता है। यह ब्रिज रूस के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि युद्ध के दौरान रूस ने इस ब्रिज के माध्यम से यूक्रेन में हथियार और सेना भेजी है।
पहले दो हमले भी हो चुके हैं
यह हमला क्रीमियन ब्रिज पर यूक्रेन द्वारा किए गए पहले दो हमलों का हिस्सा है। 8 अक्टूबर 2022 को इस पुल पर एक ट्रक बम धमाका हुआ था, जिससे आग लग गई थी। फिर जुलाई 2023 में एक और हमला हुआ था, जिसमें ब्रिज के दो हिस्से नष्ट हो गए थे। उस हमले में SBU ने समुद्री ड्रोन ‘सी बेबी’ का इस्तेमाल किया था।
SBU का दावा और रूस की चुप्पी
SBU ने अपने टेलीग्राम चैनल पर बताया कि यह ऑपरेशन क्रीमियन ब्रिज के जलमग्न हिस्से को निशाना बनाकर किया गया था। हालांकि, रूस की ओर से इस हमले पर फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। हमले के बाद, पुल के संचालकों ने टेलीग्राम के जरिए ट्रांसपोर्टेशन सेवा को अस्थायी रूप से बंद कर दिया, लेकिन सुबह 9 बजे तक इसे फिर से सामान्य कर दिया गया। इस हमले ने एक बार फिर से क्रीमियन ब्रिज के महत्व और यूक्रेन के लिए इसे निशाना बनाने के कारण को उजागर किया है।

