इंटरनेशनल डेस्क: पाकिस्तान ने 2008 के मुंबई आतंकवादी हमले के आरोपी तहव्वुर राणा से खुद को अलग कर लिया है और कहा है कि वह पूरी तरह से कनाडाई नागरिक है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता शफकत अली खान ने स्पष्ट रूप से कहा कि राणा ने पाकिस्तान के दस्तावेजों का नवीनीकरण नहीं कराया है और उसकी कनाडाई राष्ट्रीयता “स्पष्ट” है।
हमले में मारे गए थे 174 लोग
तहव्वुर राणा, जो पाकिस्तान-कनाडाई नागरिक हैं, को अमेरिका द्वारा प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LET) के सदस्य होने और मुंबई हमलों के लिए जिम्मेदार समूह को सहायता देने के आरोप में दोषी ठहराया गया था। इन हमलों में 174 से ज्यादा लोग मारे गए थे।
भारत सरकार कई वर्षों से राणा के प्रत्यर्पण की मांग कर रही है, और अब अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राणा के प्रत्यर्पण को मंजूरी देने का फैसला किया है। 11 फरवरी को अमेरिकी विदेश मंत्री ने राणा के भारतीय अधिकारियों को प्रत्यर्पित करने के लिए वारंट पर हस्ताक्षर किए थे। हालांकि, राणा के वकील ने इस आदेश को चुनौती दी थी, लेकिन 7 अप्रैल को अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने उसकी याचिका खारिज कर दी।
NIA ने 2009 में दर्ज किया था मामला
भारत में राणा के खिलाफ राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने 2009 में मामला दर्ज किया था। NIA के अनुसार, उन्होंने और डेविड कोलमैन हेडली ने मिलकर मुंबई हमलों की योजना बनाई थी। दोनों को अमेरिका में गिरफ्तार किया गया था और भारत द्वारा उनकी प्रत्यर्पण की प्रक्रिया चल रही है।
हेडली के प्रत्यर्पण के लिए भेजे अनुरोध
एनआईए ने पहले ही अमेरिकी अधिकारियों से राणा और हेडली के प्रत्यर्पण के लिए अनुरोध भेजे हैं। इसके अलावा, पाकिस्तान से भी जांच में मदद के लिए अनुरोध किया गया था, और उनकी प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है। राणा का प्रत्यर्पण, 2008 के मुंबई हमलों के पीड़ितों को न्याय दिलाने में एक अहम कदम माना जा रहा है।
मेष: दिन शुभ रहेगा...