Site icon Dainik Savera Times

Parliament Monsoon Session: लोकसभा में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर 28 जुलाई को होगी चर्चा, विपक्ष की मांग को मिली मंजूरी

नई दिल्ली: लोकसभा में स्पीकर ओम बिरला की अध्यक्षता में सर्वदलीय बैठक हुई। इस अहम मुद्दे पर सोमवार को बिना किसी गतिरोध के बहस कराए जाने पर सहमति बन गई है। ऑपरेशन सिंदूर पर लोकसभा में चर्चा की विपक्ष की मांग स्वीकार कर ली गई है। इस पर 28 जुलाई को चर्चा होगी।

संसद के मानसून सत्र के दौरान लगातार हो रहे विपक्ष के हंगामे और कार्यवाही में बार-बार आ रही बाधाओं को देखते हुए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने आज दोपहर सर्वदलीय बैठक बुलाई।

राज्यसभा की कार्यवाही को सोमवार तक स्थगित

संसद के मानसून सत्र के पांचवें दिन भी उच्च सदन में विपक्षी दलों का विरोध प्रदर्शन जारी रहा। विपक्ष की नारेबाजी और हंगामे के चलते आज राज्यसभा की कार्यवाही को सोमवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।

संसद का मानसून सत्र आज पांचवें दिन भी हंगामे की भेंट चढ़ गया। विपक्ष द्वारा बिहार में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) को लेकर विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। विपक्षी दलों का आरोप है कि चुनाव आयोग की यह प्रक्रिया दलित, आदिवासी और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को मतदाता सूची से बाहर करने की साजिश है। इस मुद्दे पर चर्चा की मांग करते हुए विपक्ष ने आज संसद परिसर में एक और प्रदर्शन मार्च निकाला, जिसमें कांग्रेस नेता राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए।

लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही स्थगित

संसद का मॉनसून सत्र आज जैसे ही शुरू हुआ, हंगामे और शोर-शराबे ने सदन की कार्यवाही को बाधित कर दिया। दोनों सदनों में विभिन्न मुद्दों पर विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच तीखी नोकझोंक हुई, जिससे कार्यवाही को चंद मिनटों में स्थगित करना पड़ा।

राज्यसभा में सत्र की शुरुआत नए निर्वाचित सदस्यों के शपथ ग्रहण के साथ हुई। उपसभापति हरिवंश की अध्यक्षता में जब यह प्रक्रिया चल रही थी, तभी कुछ सदस्यों ने नारेबाजी शुरू कर दी। परिणामस्वरूप, उपसभापति ने राज्यसभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।

वहीं, लोकसभा में भी हालात कुछ अलग नहीं रहे। जैसे ही स्पीकर ओम बिरला ने कार्यवाही की शुरुआत की, विभिन्न दलों के सांसद अपने-अपने मुद्दों को लेकर वेल में पहुंच गए और जोरदार हंगामा शुरू हो गया। हालात को देखते हुए लोकसभा की कार्यवाही दोपहर 2 बजे तक स्थगित कर दी गई।

 

विपक्ष का सरकार पर तीखा वार

विपक्षी सांसदों ने संसद के मकर द्वार पर एकत्र होकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रियंका गांधी ने हाथ में “लोकतंत्र खतरे में है” लिखा पोस्टर लहराया, तो वहीं सोनिया गांधी भी तीसरे दिन प्रदर्शन में शामिल हुईं। विपक्ष का कहना है कि SIR की आड़ में सरकार बिहार चुनाव से पहले वोटबैंक में छेड़छाड़ करना चाहती है।

कांग्रेस सहित अन्य विपक्षी दलों ने संसद में नियम 267 के तहत नोटिस देकर चर्चा की मांग की, लेकिन सरकार की ओर से कोई ठोस जवाब न मिलने पर कार्यवाही बाधित रही। नतीजतन, लोकसभा को दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित करना पड़ा।

चुनाव आयोग ने किया SIR का बचाव

चुनाव आयोग ने अपने बचाव में कहा है कि SIR एक नियमित प्रक्रिया है, जिसका उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध और निष्पक्ष बनाना है। आयोग ने इसे पूरी तरह पारदर्शी बताते हुए स्पष्ट किया है कि किसी भी समुदाय के साथ भेदभाव नहीं किया जा रहा है। उनका कहना है कि यह अभियान फर्जी और डुप्लिकेट वोटरों को हटाने के लिए जरूरी है।

अन्य मुद्दों पर भी विपक्ष का हमला

बिहार वोटर लिस्ट के अलावा विपक्ष ने हाल ही में हुए पहलगाम आतंकी हमले और सेना के ऑपरेशन सिंदूर को लेकर भी केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जवाब माँगा है। सूत्रों के अनुसार, सरकार 28 जुलाई को ऑपरेशन सिंदूर पर लोकसभा में चर्चा के लिए तैयार हो गई है।

Exit mobile version