नई दिल्ली: भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया पांच देशों की यात्रा को लेकर बयान दिया। उन्होंने कहा कि इस यात्रा ने भारत की अंतरराष्ट्रीय मंच पर, खासकर अफ्रीकी और दक्षिणी देशों के साथ सहयोग में भारत की भूमिका में एक नए युग की शुरुआत की है।
प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा के प्रमुख परिणाम
सुधांशु त्रिवेदी ने भाजपा की प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा से तीन मुख्य बातें सामने आई हैं:
आतंकवाद पर कड़ा रुख: प्रधानमंत्री ने ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में आतंकवाद के मुद्दे को मजबूती से उठाया। उन्होंने कहा कि आतंकवाद के दोषियों और पीड़ितों के बीच कोई समानता नहीं हो सकती। यह भारत की कूटनीतिक सफलता थी, जो सामरिक दृष्टि से भी अहम है।
आर्थिक सहयोग के मौके: मोदी की यात्रा में घाना, नामीबिया जैसे देशों से खनिजों और धातुओं, जैसे तांबा, यूरेनियम, लिथियम, और दुर्लभ मृदा धातुओं के खनन को लेकर समझौते हुए। ये खनिज भारत के लिए भविष्य में महत्वपूर्ण हो सकते हैं और आर्थिक दृष्टि से लाभकारी हैं।
सांस्कृतिक और भावनात्मक संबंध: त्रिनिदाद और टोबैगो जैसे देशों में भारतीय प्रवासियों के योगदान को मोदी की यात्रा ने नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। यहां के प्रधानमंत्री, जो बिहार के बक्सर से हैं, ने भारत के साथ सांस्कृतिक और सामाजिक संबंधों को एक नया आयाम दिया।
राजनयिक यात्रा का विस्तार
प्रधानमंत्री मोदी ने 2 से 9 जुलाई तक अपनी पांच देशों की यात्रा पूरी की, जिसमें घाना, त्रिनिदाद और टोबैगो, अर्जेंटीना, ब्राज़ील और नामीबिया शामिल थे। इस दौरान वे ब्राजील की अध्यक्षता में आयोजित 17वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भी भाग लेने गए थे।
भारत को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान दी: सुधांशु त्रिवेदी
सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा ने भारत को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान दी है और अफ्रीकी तथा दक्षिणी देशों के साथ भारत के रिश्तों को नई दिशा दी है। यह भारत की सामरिक, सांस्कृतिक और आर्थिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है।” इस प्रकार, प्रधानमंत्री की इस यात्रा ने न केवल भारत की कूटनीतिक शक्ति को बढ़ाया, बल्कि वैश्विक मंच पर भारत की स्थायी भूमिका को भी मजबूती से स्थापित किया है।

