नेशनल डेस्क : बेंगलुरु में पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना के सेक्स टेप मामले में कोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। उनके ड्राइवर एन कार्तिक ने कोर्ट में गवाही देते हुए यह दावा किया कि प्रज्वल की मां भवानी रेवन्ना को उनके बेटे की गलत हरकतों की जानकारी पहले से थी। यह खुलासा मामले को और भी पेचीदा बना सकता है, क्योंकि इस बात से यह साफ हो गया है कि परिवार को पहले से उनकी गतिविधियों का पता था, लेकिन इसे छिपाया गया। आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
ड्राइवर ने किया चौंकाने वाला खुलासा
आपको बता दें कि ड्राइवर एन कार्तिक ने कोर्ट में कहा कि जब प्रज्वल रेवन्ना सांसद थे, तब उनके फोन में करीब 2000 अश्लील तस्वीरें और 40 निजी वीडियो थे। ये तस्वीरें और वीडियो उन महिलाओं के साथ बिताए गए पलों के थे, जिनसे प्रज्वल के रिश्ते थे। कार्तिक ने गवाही में यह भी बताया कि उन्होंने ये सारी जानकारी प्रज्वल की मां भवानी रेवन्ना को दी थी।
मां को वीडियो देख हुआ यकीन
दरअसल, कार्तिक के अनुसार, जब उन्होंने भवानी रेवन्ना को यह जानकारी दी तो शुरुआत में उन्होंने विश्वास नहीं किया। हालांकि, जब कार्तिक ने उन्हें सबूत दिखाए, तो भवानी रेवन्ना हैरान रह गईं। इसके बाद, भवानी ने इन आपत्तिजनक तस्वीरों और वीडियो को मंगवाया और फिर अपने बेटे की गलत हरकतों पर अफसोस जताया। कार्तिक ने अपनी गवाही में यह भी बताया कि भवानी रेवन्ना ने उससे यह अनुरोध किया था कि यह जानकारी किसी और को न दी जाए। भवानी ने कहा कि वह नहीं चाहतीं कि यह बात बाहर जाए और इससे परिवार की छवि को नुकसान पहुंचे। इस खुलासे से यह सवाल उठता है कि अगर परिवार को पहले से प्रज्वल के गलत आचरण के बारे में जानकारी थी, तो उन्होंने इस पर कदम क्यों नहीं उठाया।
प्रज्वल रेवन्ना की मुश्किलें बढ़ सकती हैं
वहीं अब इस खुलासे से प्रज्वल रेवन्ना की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। कोर्ट इस बात की जांच कर सकती है कि परिवार को प्रज्वल की हरकतों के बारे में जानकारी होने के बावजूद उन्होंने इसे क्यों छिपाया और इस मामले पर क्या कदम उठाए गए। अब यह देखना होगा कि मामले की सुनवाई में इस नई जानकारी का क्या असर पड़ता है और भविष्य में प्रज्वल रेवन्ना को किस प्रकार के कानूनी परिणामों का सामना करना पड़ सकता है।
प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ यह मामला एक नई दिशा में बढ़ता हुआ प्रतीत हो रहा है, जहां परिवार की भूमिका भी अब जांच के दायरे में है। अगर भवानी रेवन्ना को पहले से इस बारे में जानकारी थी और उन्होंने इसे छुपाने का प्रयास किया, तो यह एक गंभीर कानूनी मुद्दा बन सकता है। अब कोर्ट के सामने यह सवाल है कि परिवार ने इस मुद्दे पर उचित कदम क्यों नहीं उठाए, और क्या इसे छिपाने की कोशिश की गई थी।

