नई दिल्ली: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मंगलवार को उत्तर प्रदेश के रायबरेली में एक दलित युवक की कथित तौर पर चोर समझकर की गई हत्या की कड़ी निंदा की। राहुल गांधी ने इस घटना को “मानवता, संविधान और न्याय की हत्या” करार देते हुए भाजपा पर आरोप लगाए कि सत्ता में बैठे लोग हाशिए पर पड़े समुदायों के खिलाफ हिंसा को बढ़ावा दे रहे हैं।
राहुल गांधी ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “रायबरेली में दलित युवक हरिओम वाल्मीकी की नृशंस हत्या सिर्फ़ एक व्यक्ति की हत्या नहीं है, यह मानवता, संविधान और न्याय की हत्या है। आज भारत में दलितों, आदिवासियों, मुसलमानों, पिछड़े वर्गों और गरीबों को निशाना बनाया जा रहा है।” उन्होंने आगे कहा, “देश में नफरत, हिंसा और भीड़तंत्र को सत्ताधारियों का संरक्षण प्राप्त है, जहां संविधान की जगह बुलडोज़रों ने ले ली है और न्याय की जगह भय ने ले ली है।” राहुल गांधी ने यह भी कहा कि पीड़ित परिवार को न्याय मिलेगा और वह उनके साथ खड़े हैं।
रायबरेली में दलित युवक हरिओम वाल्मीकि की निर्मम हत्या सिर्फ़ एक इंसान की नहीं – इंसानियत, संविधान और न्याय की हत्या है।
आज भारत में दलित, आदिवासी, मुसलमान, पिछड़े और ग़रीब – हर उस व्यक्ति को निशाना बनाया जा रहा है, जिसकी आवाज़ कमजोर है, जिसकी हिस्सेदारी छीनी जा रही है, और जिसकी… pic.twitter.com/V0KtN4CHAQ
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) October 7, 2025
रायबरेली में जो हुआ, वह संविधान के विरुद्ध : कांग्रेस
कांग्रेस पार्टी ने इस घटना की निंदा करते हुए एक बयान जारी किया, जिसमें कहा गया कि यह हत्या देश के संविधान के खिलाफ एक गंभीर अपराध है। पार्टी ने कहा, “हमारे देश का संविधान हर इंसान को समान मानता है और हर नागरिक को सुरक्षा, अधिकार और अभिव्यक्ति का समान दर्जा देता है। रायबरेली में जो हुआ, वह संविधान के विरुद्ध है।”
कांग्रेस ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा के शासन में दलितों, अल्पसंख्यकों और गरीबों के खिलाफ अपराधों में वृद्धि हुई है। पार्टी ने कई अन्य घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि यह हिंसा सबसे ज़्यादा उन लोगों के खिलाफ हो रही है जो वंचित हैं या जिनका प्रतिनिधित्व कम है। कांग्रेस ने उदाहरण के तौर पर हाथरस, उन्नाव, रोहित वेमुला की आत्महत्या, मध्य प्रदेश में आदिवासी युवक पर अमानवीय हमला, और कई अन्य मामलों का उल्लेख किया। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि 2014 में भाजपा के सत्ता में आने के बाद से “बुलडोजर न्याय और भीड़तंत्र” की प्रवृत्ति बढ़ी है, जो संविधान और मानवाधिकारों का उल्लंघन करती है।
रायबरेली में हत्या की घटना
उत्तर प्रदेश के रायबरेली में दलित युवक हरिओम वाल्मीकी की हत्या उस समय हुई जब कुछ लोगों ने उसे चोरी का आरोप लगाकर पीटना शुरू किया। पुलिस के अनुसार, इस मामले में तीन पुलिस अधिकारियों को निलंबित किया गया है और अब तक पाँच लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि बाकी आरोपियों की तलाश जारी है।
पीड़ित की पत्नी पिंकी ने सरकार से मदद की मांग करते हुए कहा कि उसके पति की बर्बर तरीके से हत्या की गई। उन्होंने कहा, “मेरे पति के साथ जो हुआ, वही उन लोगों के साथ भी होना चाहिए जिन्होंने उन्हें पीट-पीटकर मार डाला… मुझे सरकार से मदद चाहिए।”

