Last Updated: September 28, 2026

Dainik Savera Times Logo

‘मलबा सब कुछ बहाकर ले गया, हम लोगों ने 10 लाशें खुद निकालीं’, किश्तवाड़ के चश्मदीदों ने सुनाई भयावह आपबीती

August 15, 2025

‘मलबा सब कुछ बहाकर ले गया, हम लोगों ने 10 लाशें खुद निकालीं’, किश्तवाड़ के चश्मदीदों ने सुनाई भयावह आपबीती

नई दिल्ली: जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में गुरुवार दोपहर बादल फटने से भारी तबाही हुई। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 46 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 69 लोग अब भी लापता हैं। कई परिवार उजड़ चुके हैं, घर-मकान बह गए हैं, और लोग अपने अपनों को मलबे में तलाश रहे हैं।

घटना की शुरुआत

गुरुवार दोपहर करीब 12:25 बजे किश्तवाड़ में बादल फट गया। कुछ ही मिनटों में तेज बारिश, मलबा, पेड़ और पत्थर गांव की ओर बहने लगे। लोग कुछ समझ पाते उससे पहले ही बाढ़ और मलबे ने कई मकान, दुकानें और मंदिरों को अपनी चपेट में ले लिया।

जो भाग गया, वो बच गया: चश्मदीदों ने सुनाई आपबीती 

एक महिला ने कहा, “मैं घर में थी, जब जोर से शोर सुनाई दिया। मेरी जेठानी ने मुझे रसोई से बाहर निकाला, उसे काफी चोटें आई हैं। हमारा नया घर जो नाले के पास था, वो पूरी तरह बह गया। जो भी भाग गया, वो बच गया।”

“मेरा बेटा मलबे में फंस गया था”

एक पीड़िता ने बताया, “हम खाना खा रहे थे तभी लोगों ने चिल्लाना शुरू किया, भागो भागो! हमें कुछ समझ नहीं आया कि किस तरफ भागें। मेरा बेटा थोड़ी दूर नीचे चला गया और कूड़े में फंस गया। उसे निकालने में आधा घंटा लग गया।”

“10 लाशें हमने खुद निकालीं”

पुंछ से काम करने आए मिस्त्री सलाहुल हसन ने बताया,”हम एक ब्रिज पर काम कर रहे थे तभी तेज आवाज के साथ मलबा बहकर आया और सब कुछ बहा ले गया। मंदिर के पास लंगर चल रहा था, वहां काफी भीड़ थी। हम लोगों ने एक टूटी इमारत के नीचे से 10 लाशें खुद निकालीं। अभी भी कई लोग मलबे में दबे हैं।”

भारी नुकसान

किश्तवाड़ में आई भयानक त्रासदी में 16 रिहायशी मकान पूरी तरह तबाह हो गए हैं। 3 मंदिर और 4 पानी की चक्कियां बह गईं हैं। करीब 30 मीटर लंबा पुल टूटा गया है और दर्जनों वाहन मलबे में दब गए। बाजार, लंगर स्थल और एक सुरक्षा चौकी पूरी तरह खत्म हो गई।

 

रेस्क्यू और राहत कार्य जारी

अब तक 167 घायलों को बचाया गया है। राहत टीमों की कोशिशें लगातार जारी हैं, लेकिन इलाके में मलबा और भारी पत्थरों के कारण बचाव कार्य में दिक्कतें आ रही हैं। वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि गांव पूरी तरह समतल हो गया है, मकान ताश के पत्तों की तरह गिर गए हैं और सड़कें चट्टानों से बंद हो चुकी हैं। लोग अभी भी अपनों को ढूंढने के लिए मलबे में खोजबीन कर रहे हैं।

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें