नेशनल डेस्क : देश के जाने-माने उद्योगपति और रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी का नाम किसी पहचान का मोहताज नहीं है। आज वे भारत ही नहीं, एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति हैं। आमतौर पर जब मुकेश अंबानी के घर की बात होती है, तो मुंबई स्थित एंटीलिया की कल्पना की जाती है – जो 27 मंजिला, अरबों की लागत से बना एक आलीशान महल जैसा घर है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आप अंबानी परिवार के बचपन के घर की सैर महज ₹2 में कर सकते हैं? आइए जानते है इस खबर को विस्तार से…
चोरवाड़ में स्थित है यह ऐतिहासिक घर
आपको बता दे कि मुकेश अंबानी का जो घर आप सिर्फ ₹2 में घूम सकते हैं, वह गुजरात के चोरवाड़ कस्बे में स्थित है। यही वह घर है, जहां धीरूभाई अंबानी, उनके बेटे मुकेश और अनिल अंबानी ने अपना बचपन बिताया था। इस घर को साल 2011 में एक संग्रहालय (मेमोरियल) में बदल दिया गया, जिसे आज धीरूभाई अंबानी मेमोरियल हाउस के नाम से जाना जाता है।
1.2 एकड़ में फैला दो मंजिला घर
यह मकान करीब 100 साल पुराना है और 1.2 एकड़ में फैला हुआ है। दो मंजिला इस घर में आंगन, बरामदा, बगीचा और पुरानी बनावट की खूबसूरत झलक मिलती है। भले ही इसे समय-समय पर रिनोवेशन किया गया है, लेकिन इसकी मूल संरचना और पारंपरिक डिज़ाइन को आज भी बरकरार रखा गया है। यहीं हीराचंद अंबानी (धीरूभाई के दादा) एक स्कूल टीचर के रूप में रहते थे।
आम लोगों के लिए खुला यह घर
यह ऐतिहासिक घर दो भागों में बंटा है, एक हिस्सा आम जनता के लिए खुला है, जिसमें संग्रहालय बनाया गया है। दूसरा हिस्सा निजी है, जहां अंबानी परिवार के सदस्य कभी-कभी आते रहते हैं। इस घर की वर्तमान अनुमानित कीमत लगभग ₹100 करोड़ बताई जाती है।
मेमोरियल में क्या-क्या देखने को मिलेगा ?
घर के अंदर आपको धीरूभाई अंबानी की पुरानी तस्वीरें, उनके अवॉर्ड्स, उपयोग की गई वस्तुएं, और सादगीपूर्ण जीवन के कई निशान देखने को मिलेंगे। यह घर आपको अंबानी परिवार की शुरुआती जिंदगी और संघर्षों की कहानी से रूबरू कराता है। हर कमरे में एक इतिहास बसा है, जो धीरूभाई अंबानी के संघर्ष, दूरदर्शिता और आत्मनिर्भरता की कहानी कहता है।
टाइमिंग और टिकट की जानकारी
यह मेमोरियल मंगलवार से रविवार तक सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक खुला रहता है। प्रवेश के लिए सिर्फ ₹2 का टिकट लेना होता है। ध्यान दें, टिकट केवल मौके पर ही मिलती है, ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा उपलब्ध नहीं है।
सैर का अनुभव – एक भावनात्मक जुड़ाव
जो लोग केवल एंटीलिया को देखकर अंबानी परिवार को एक चमक-दमक वाली जिंदगी से जोड़ते हैं, उनके लिए यह संग्रहालय एक भावनात्मक झलक पेश करता है। यहां घूमते हुए आपको एहसास होता है कि हर बड़े सपने की शुरुआत एक छोटे से घर से होती है। यह जगह सिर्फ एक घर नहीं, बल्कि एक प्रेरणा है – कि कैसे एक छोटे कस्बे से निकला व्यक्ति पूरे देश की आर्थिक दिशा बदल सकता है।

