नई दिल्ली : दिल्ली में विधानसभा को लेकर तैयारियां तेज हो चुकी है। नए साल 2025 में दिल्ली में विधानसभा चुनाव होने वाले है। सभी दलों ने अपने उम्मीदवारों के नामों का ऐलान भी करना शुरू कर दिया है। पर वहीं अभी तक बीजेपी ने अपने उम्मीदवारों के नामों का ऐलान नहीं किया है। इस बीच शनिवार को दिल्ली के उपराज्यपाल ने दिल्ली के मुख्य सचिव और पुलिस आयुक्त को तीन अलग-अलग नोट भेजे हैं। इसमें कहा कि आम आदमी पार्टी के द्वारा महिलाओं के लिए 2100 रुपए घोषणा करने वाली योजना के जांच के लिए कहा गया है। ये नोट कांग्रेस नेता और नई दिल्ली विधानसभा से उम्मीदवार द्वारा दिल्ली के उपराज्यपाल से विशेष शिकायतें करने के बाद भेजे गए हैं।
नोट में क्या शिकायतें थीं?
महिला पात्र मतदाताओं को 2100 रुपये देने की घोषणा
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि दिल्ली में महिला मतदाताओं को 2100 रुपये देने की घोषणा की गई है, जो एक गलत और असंवैधानिक कदम हो सकता है।
कांग्रेस उम्मीदवारों के आवास पर पंजाब के खुफिया अधिकारियों की मौजूदगी का आरोप
नोट में यह भी कहा गया है कि दिल्ली में कांग्रेस के प्रस्तावित उम्मीदवारों के आवास पर पंजाब के खुफिया अधिकारियों की मौजूदगी थी, जो एक गंभीर मामला है।
पंजाब से नकदी ट्रांसफर करने का आरोप
दिल्ली विधानसभा चुनाव से पहले पंजाब के विभिन्न हिस्सों से दिल्ली में नकदी ट्रांसफर करने का आरोप भी इन शिकायतों में था।
आम आदमी पार्टी का जवाब
इन नोट्स पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व सीएम केजरीवाल ने कहा कि भाजपा दिल्ली में महिला सम्मान योजना को रोकने की कोशिश कर रही है। उन्होंने जनता से अपील करते हुए कहा कि जनता भरोसा रखे हम सारी योजनाओं को लागू करेंगे। इसके साथ ही आप के अन्य नेता ने यह आरोप लगाया कि यह आदेश दिल्ली के उपराज्यपाल कार्यालय से नहीं, बल्कि अमित शाह के कार्यालय से आया है। आम आदमी पार्टी ने कहा कि भाजपा दिल्ली चुनाव में हार मान चुकी है और महिलाओं का सम्मान करने में विफल है। पार्टी ने यह भी कहा कि दिल्ली में महिला सम्मान योजना को महिलाओं का पूरा समर्थन मिल रहा है।
AAP की योजनाओं के खिलाफ विज्ञापन
आपको बता दें कि दिल्ली में फिलहाल संजीवनी योजना या महिला सम्मान योजना लागू नहीं है। यह बात दिल्ली सरकार के दो विभागों ने अपनी नोटिस में खुद बताई है। इन दोनों योजनाओं के लिए आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता बड़े स्तर पर रजिस्ट्रेशन ड्राइव चला रहे थे।
स्वास्थ्य विभाग का नोटिस
स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग ने एक नोटिस जारी किया, जिसमें उन्होंने कहा कि संजीवनी योजना के तहत 60 वर्ष से ऊपर के नागरिकों को मुफ्त इलाज देने का दावा किया जा रहा है, लेकिन ऐसी कोई योजना नहीं है। विभाग ने यह भी कहा कि कुछ अवैध व्यक्तियों ने रजिस्ट्रेशन अभियान चलाया है, जिसमें वरिष्ठ नागरिकों से आधार और बैंक खाता जानकारी ली जा रही है और नकली स्वास्थ्य योजना कार्ड वितरित किए जा रहे हैं। विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे इस अनधिकृत योजना पर विश्वास न करें और अपनी निजी जानकारी साझा न करें।
महिला एवं बाल विकास विभाग का बयान
वहीं दिल्ली महिला और बाल विकास विभाग (WCD) ने एक नोटिस जारी किया, जिसमें उन्होंने स्पष्ट किया कि दिल्ली सरकार ने मुख्यमंत्री महिला सम्मान योजना के तहत कोई योजना अधिसूचित नहीं की है। विभाग ने यह भी कहा कि योजना के तहत पैसे बांटे जाने के सभी दावे बेबुनियाद हैं। उन्होंने दिल्ली के नागरिकों को चेतावनी दी कि वे इस योजना का दावा करने वाले किसी व्यक्ति या राजनीतिक पार्टी से अपनी जानकारी साझा न करें, क्योंकि यह साइबर अपराध या बैंकिंग धोखाधड़ी का कारण बन सकता है।