Decline in Stock Market: मुंबई: भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को मंदी का रुख देखने को मिला, जहां प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी लाल निशान में बंद हुए। आगामी जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) आंकड़ों को लेकर निवेशकों के बीच अनिश्चितता का माहौल छाया रहा, जिससे बाजार में बिकवाली का दबाव देखा गया।
निवेशकों की सतर्कता से बाजार पर असर
विश्लेषकों का मानना है कि वित्त वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही के जीडीपी आंकड़े शुक्रवार को जारी होने वाले हैं, और यही कारण है कि निवेशकों ने जोखिम लेने से परहेज किया। घरेलू संस्थागत निवेशकों ने भी सतर्क रुख अपनाया, जिससे बैंकिंग, आईटी और ऑटो सेक्टर में गिरावट देखी गई। सेंसेक्स लगभग 300 अंकों की गिरावट के साथ 74,800 के स्तर के आसपास बंद हुआ, जबकि निफ्टी 90 अंकों की गिरावट के साथ 22,700 के करीब आ गया।

वैश्विक संकेत भी कमजोर
एशियाई बाजारों में भी मिला-जुला प्रदर्शन देखने को मिला। जापान का निक्केई सूचकांक मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ, वहीं हांगकांग और शंघाई के बाजारों में गिरावट दर्ज की गई। अमेरिका और यूरोप के बाजारों से भी ठोस दिशा-निर्देश नहीं मिलने से निवेशकों की धारणा प्रभावित हुई।
-एक्सपर्ट्स की राय
मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि निवेशक फिलहाल “वेट एंड वॉच” की रणनीति अपना रहे हैं। यदि जीडीपी आंकड़े उम्मीद से बेहतर आते हैं, तो बाजार में तेजी की संभावना है। वहीं आंकड़े कमजोर रहे, तो बाजार में और गिरावट देखी जा सकती है।
अब सबकी निगाहें शुक्रवार को आने वाले जीडीपी आंकड़ों पर टिकी हैं। इसके अलावा एफआईआई निवेश, वैश्विक संकेत और कच्चे तेल की कीमतें भी बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।