Dollar Price Today: नई दिल्ली: वैश्विक बाजारों में बढ़ती अनिश्चितता और विदेशी निवेशकों द्वारा लगातार पूंजी निकासी के चलते भारतीय रुपया गुरुवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले कमजोर होकर 85.70 पर आ गया। यह बुधवार के बंद भाव से आठ पैसे की गिरावट दर्शाता है।
विदेशी मुद्रा कारोबारियों का मानना है कि भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की सतर्क मुद्रा नीति फिलहाल रुपये को किसी बड़े उतार-चढ़ाव से बचा रही है, लेकिन डॉलर की मांग में वृद्धि रुपये पर दबाव बना रही है। आरबीआई द्वारा डॉलर की सतत खरीद न केवल परिपक्वताएं (maturities) प्रबंधित करने के उद्देश्य से हो रही है, बल्कि इससे केंद्रीय बैंक अपने विदेशी मुद्रा भंडार की स्थिति भी मजबूत कर रहा है।
-डॉलर सूचकांक में हल्की तेजी
अमेरिकी डॉलर का वैश्विक सूचकांक, जो छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले इसकी ताकत को मापता है, 0.07 प्रतिशत की बढ़त के साथ 96.84 पर पहुंच गया है। इससे रुपये की गिरावट को और बल मिला है।

-एफआईआई का भरोसा डगमगाया
शेयर बाजार के ताजा आंकड़ों के अनुसार, बुधवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने भारतीय शेयर बाजार से शुद्ध रूप से 1,561.62 करोड़ रुपये की निकासी की। यह दर्शाता है कि वैश्विक जोखिमों के चलते विदेशी निवेशकों का भरोसा कमजोर पड़ा है।
-तेल की कीमतों में नरमी
इस बीच अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में ब्रेंट क्रूड 0.72 प्रतिशत गिरकर 68.61 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया है, जो आयातक देशों के लिए राहत भरा संकेत है, लेकिन इसका सकारात्मक असर रुपये पर फिलहाल स्पष्ट नहीं दिख रहा।
-बाजार की नजर अमेरिकी आंकड़ों पर
फिनरेक्स ट्रेजरी एडवाइजर्स एलएलपी के ट्रेजरी प्रमुख अनिल कुमार भंसाली के अनुसार, “व्यापारी अब अमेरिकी व्यापार समझौते और एनएफपीआर (नॉन फार्म पेरोल रिपोर्ट) जैसे प्रमुख आर्थिक आंकड़ों के इंतजार में हैं, जिससे आगामी बाजार की दिशा तय होगी।”