नई दिल्ली: शराब कंपनियों के शीर्ष निकाय सीआईएबीसी ने शनिवार को कहा कि मानवीय सेवन के लिए इस्तेमाल होने वाले ईएनए (अतिरिक्त तटस्थ एल्कोहल) को कर मुक्त करने के जीएसटी परिषद के फैसले से उद्योग को राहत मिलेगी। कनफेडरेशन ऑफ इंडियन अल्कोहलिक बेवरेज कंपनीज (सीआईएबीसी) ने कहा कि उद्योग परिषद से इस मामले के समाधान का आग्रह कर रहा था।
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सीआईएबीसी के महानिदेशक विनोद गिरि ने कहा, जीएसटी परिषद के फैसले से उद्योग को बड़ी राहत मिली है। इससे स्थिरता आएगी।औद्योगिक उपयोग के लिए ईएनए पर जीएसटी लगता रहेगा। गिरि ने कहा, उद्योग चाहेगा कि राज्यों में कराधान में समानता लाने के लिए तैयार उत्पाद सहित सभी एल्कोहल को जीएसटी के दायरे में रखा जाए।
उन्होंने कहा कि अभी तक, जीएसटी परिषद की ओर से स्पष्टता के अभाव में, अदालतों ने इस मामले पर परस्पर विरोधी रुख अपनाया है, जिससे अनिश्चितताएं और बढ़ गई हैं। उन्होंने शीरे पर जीएसटी 28 प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत करने के परिषद के फैसले का भी स्वागत किया।

