Last Updated: October 24, 2026

Dainik Savera Times Logo

Sawan 2026: सावन के अंतिम दिन करें ये खास 7 उपाय, घर में आएगी सुख-शांति और समृद्धि

August 24, 2026

Sawan 2026: सावन के अंतिम दिन करें ये खास 7 उपाय, घर में आएगी सुख-शांति और समृद्धि

Sawan 2026: सावन का पवित्र महीना अब समाप्ति की ओर है और इसी के साथ ही श्रावण पूर्णिमा के साथ सावन का समापन होगा। धार्मिक मान्यताओं में सावन का आखिरी दिन भगवान शिव के साथ भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की आराधना के लिए भी विशेष माना जाता है। इस दिन पूजा-पाठ, दान और कुछ पारंपरिक उपाय करने से घर में सुख, शांति और समृद्धि आने की मान्यता है।

कब खत्म होगा सावन 2026?

पंचांग के अनुसार, सावन 28 अगस्त 2026 को समाप्त होगा। श्रावण पूर्णिमा तिथि 27 अगस्त की सुबह 9:08 बजे से शुरू होकर 28 अगस्त की सुबह 9:48 बजे तक रहेगी। इस दिन रक्षाबंधन समेत कई धार्मिक पर्व भी मनाए जाएंगे।

1. शिवलिंग का पंचामृत से करें अभिषेक

सावन के अंतिम दिन सुबह स्नान करके शिव मंदिर जाना शुभ माना जाता है। शिवलिंग पर पंचामृत से अभिषेक करने के बाद स्वच्छ जल अर्पित करें। इसके बाद बेलपत्र और शमी के पत्ते चढ़ाकर भगवान शिव की श्रद्धापूर्वक पूजा करें। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इससे नकारात्मकता दूर करने और मन की शांति पाने में मदद मिलती है।

2. लक्ष्मी-विष्णु की पूजा करें

श्रावण पूर्णिमा की शाम भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करना भी शुभ माना जाता है। पूजा के दौरान मखाने की खीर का भोग लगाया जा सकता है। इसके साथ कनकधारा स्तोत्र या विष्णु सहस्रनाम का पाठ करने की परंपरा है। मान्यता है कि इससे घर में धन-धान्य और सुख-समृद्धि बनी रहती है।

3. तिजोरी में रखें पीली कौड़ियां

माता लक्ष्मी की पूजा के दौरान 5 साबुत पीली कौड़ियां और अक्षत अर्पित करने की मान्यता है। पूजा पूरी होने के बाद इन्हें लाल कपड़े में बांधकर घर की तिजोरी या धन रखने वाले स्थान पर रखा जाता है। इसे आर्थिक समृद्धि से जुड़ा पारंपरिक उपाय माना जाता है।

4. चंद्र देव को दें अर्घ्य

श्रावण पूर्णिमा की रात चंद्रमा को अर्घ्य देने की भी परंपरा है। चांदी या किसी स्वच्छ पात्र में जल, थोड़ा कच्चा दूध, अक्षत और सफेद फूल लेकर चंद्र देव को अर्पित करें। इस दौरान ‘ॐ चंद्राय नमः’ मंत्र का जाप तीन बार किया जा सकता है। धार्मिक मान्यता में इसे मानसिक शांति और पारिवारिक सुख से जोड़ा जाता है।

5. पवित्र नदी में स्नान

सावन के अंतिम दिन गंगा या किसी अन्य पवित्र नदी में स्नान को पुण्यदायी माना जाता है। यदि नदी तक जाना संभव न हो तो घर पर स्नान के पानी में थोड़ी मात्रा में गंगाजल मिलाकर स्नान करने की परंपरा है। मान्यता के अनुसार, इससे आध्यात्मिक शुद्धि और सकारात्मकता प्राप्त होती है।

6. जरूरतमंदों को करें दान

श्रावण पूर्णिमा पर जरूरतमंद लोगों को भोजन, चावल, तिल, दूध या सफेद वस्त्र दान करना शुभ माना जाता है। अपनी क्षमता के अनुसार किया गया दान धार्मिक दृष्टि से पुण्यकारी माना जाता है और इसे सेवा भाव से जोड़कर देखा जाता है।

7. पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाएं

सावन के आखिरी दिन पीपल के वृक्ष पर जल अर्पित करने की भी धार्मिक परंपरा है। शाम के समय पीपल के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाया जा सकता है। मान्यता है कि इस उपाय से सकारात्मक ऊर्जा और देवी-देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त होता है।

ये भी पढ़ें…

धार्मिक मान्यताओं पर आधारित हैं ये उपाय

इन सभी उपायों का आधार धार्मिक और ज्योतिषीय मान्यताएं हैं। इनसे जुड़े परिणामों को आस्था के नजरिए से देखा जाना चाहिए। पूजा या दान करते समय अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य को प्राथमिकता देना बेहतर है।

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें