Site icon Dainik Savera Times

Bada Mangal 2026: कर्ज और आर्थिक तंगी से हैं परेशान? बड़े मंगल पर करें ये आसान उपाय

Bada Mangal 2026

Bada Mangal 2026

Bada Mangal 2026 Karj Mukti Upay: सनातन धर्म में ज्येष्ठ महीने के मंगलवारों को अत्यंत पवित्र माना जाता है। आपको बता दें कि इन दिनों को बड़ा मंगल या बुढ़वा मंगल कहा जाता है और यह दिन भगवान हनुमान की आराधना के लिए समर्पित माना जाता है। धार्मिक विश्वास है कि इस दिन सच्चे मन से पूजा करने पर बजरंगबली भक्तों के दुख-दर्द दूर करते हैं और जीवन में सुख-शांति प्रदान करते हैं।

खासतौर पर जो लोग आर्थिक परेशानियों, कर्ज या धन संबंधी समस्याओं से जूझ रहे हैं, उनके लिए बड़ा मंगल बेहद शुभ माना गया है। मान्यता है कि इस दिन किए गए कुछ खास उपाय व्यक्ति को ऋण भार से राहत दिलाने में मदद कर सकते हैं।

बड़े मंगल पर किए जाने वाले शुभ उपाय

–कर्ज से मुक्ति पाने के लिए हनुमान मंदिर में जाकर ‘ऋण मोचक मंगल स्तोत्र’ का श्रद्धा से पाठ करें।

–बजरंगबली को गुड़ और चने का भोग लगाएं और प्रसाद ग्रहण करें।
प्रसाद का कुछ हिस्सा गाय को खिलाना भी शुभ फलदायी माना जाता है।

–हनुमान जी को लाल ध्वजा अर्पित कर आर्थिक सुख-समृद्धि की कामना करें।

–इस दिन लाल रंग से जुड़ी वस्तुएं जैसे सिंदूर, मसूर दाल, लाल फूल, शहद, गेहूं या तांबा दान करना लाभकारी माना गया है।

–सुबह लाल गाय को गुड़ और आटे से बनी रोटी खिलाएं और बंदरों को चना-गुड़ दें।

–एक जटा वाला नारियल लेकर उस पर चमेली के तेल और सिंदूर से स्वास्तिक बनाएं, फिर उसे हनुमान जी के चरणों में अर्पित करें।

–शाम के समय चमेली के तेल का दीपक जलाकर हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का पाठ करें।

क्यों खास होता है बड़ा मंगल?

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ माह के मंगलवार को ही भगवान हनुमान की पहली मुलाकात प्रभु श्रीराम से हुई थी। यही कारण है कि इस माह के मंगलवारों को विशेष धार्मिक महत्व प्राप्त है। इस दिन भक्त पूजा-पाठ, भंडारे और दान-पुण्य जैसे कार्य करते हैं।

2026 में बड़े मंगल की तिथियां

अधिकमास होने की वजह से वर्ष 2026 में कुल आठ बड़े मंगल पड़ेंगे।

5 मई 2026 – पहला बड़ा मंगल
12 मई 2026 – दूसरा बड़ा मंगल
19 मई 2026 – तीसरा बड़ा मंगल
26 मई 2026 – चौथा बड़ा मंगल
2 जून 2026 – पांचवां बड़ा मंगल
9 जून 2026 – छठा बड़ा मंगल
16 जून 2026 – सातवां बड़ा मंगल
23 जून 2026 – आठवां और अंतिम बड़ा मंगल

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। दैनिक सवेरा टाइम्स एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

ये भी पढ़ें- दिल्ली में आज ‘इंडिया’ ब्लॉक का महामंथन, 23 दल होंगे शामिल

Exit mobile version