Dhanteras 2026: धनतेरस का त्योहार आते ही लोग खरीदारी की तैयारी शुरू कर देते हैं। इस दिन सोना, चांदी और नए बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है। मान्यता है कि धनतेरस पर नई चीजें घर लाने से सुख-समृद्धि आती है। लेकिन कुछ ऐसी चीजें भी हैं, जिन्हें इस दिन खरीदना अच्छा नहीं माना जाता। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इन चीजों को घर लाने से नकारात्मकता बढ़ सकती है। ऐसे में अगर आप भी धनतेरस की शॉपिंग करने जा रहे हैं, तो पहले जान लें कि किन 4 चीजों को खरीदने से बचना चाहिए।
कब है धनतेरस 2026?
हिंदू पंचांग के अनुसार, धनतेरस हर साल कार्तिक महीने के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन से दिवाली के पांच दिनों के त्योहार की शुरुआत होती है। साल 2026 में धनतेरस 6 नवंबर को मनाया जाएगा। इस दिन भगवान धन्वंतरि और माता लक्ष्मी की पूजा की जाती है। सोना, चांदी, पीतल और तांबे के बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है।
धनतेरस पर भूलकर भी न खरीदें ये 4 चीजें
1. लोहे का सामान
धनतेरस पर लोहे से बनी चीजें खरीदने से बचना चाहिए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, लोहे का संबंध शनिदेव से माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि इस दिन लोहे का सामान घर लाना शुभ नहीं होता। इसलिए लोहे के बर्तन, औजार और दूसरी चीजें खरीदने से परहेज किया जाता है।
2. कांच की चीजें
धनतेरस पर कांच से बनी चीजें खरीदना भी अच्छा नहीं माना जाता। इसमें कांच के बर्तन, सजावट का सामान और दूसरी वस्तुएं शामिल हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कांच का संबंध राहु ग्रह से होता है। इसलिए इस दिन कांच का सामान खरीदने से बचने की सलाह दी जाती है।
3. चाकू और कैंची
धनतेरस पर चाकू, कैंची, सुई, कील और पिन जैसी नुकीली चीजें नहीं खरीदनी चाहिए। मान्यता है कि इस दिन ऐसी चीजें घर लाने से परिवार में तनाव और लड़ाई-झगड़े बढ़ सकते हैं। इसी वजह से लोग धनतेरस पर इन चीजों की खरीदारी नहीं करते।
4. काले रंग की चीजें
धनतेरस पर काले रंग के कपड़े या दूसरी काली चीजें खरीदने से भी बचना चाहिए। धार्मिक मान्यताओं में काले रंग को शुभ कामों के लिए अच्छा नहीं माना जाता। इसलिए इस दिन खरीदारी करते समय हल्के और शुभ रंगों को चुनने की सलाह दी जाती है।
धनतेरस पर क्या खरीदना चाहिए?
धनतेरस पर सोना, चांदी, पीतल और तांबे के बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है। इसके अलावा इस दिन झाड़ू खरीदने की भी परंपरा है। मान्यता है कि इन चीजों को घर लाने से मां लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है और घर में सुख-समृद्धि आती है।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। दैनिक सवेरा टाइम्स एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

