Last Updated: October 12, 2026

Dainik Savera Times Logo

अगर आप भी रखते हैं मंगलवार का व्रत, तो इन नियमों का जरूर करें पालन, हनुमान जी करेंगे हर बाधा दूर

February 3, 2026

अगर आप भी रखते हैं मंगलवार का व्रत, तो इन नियमों का जरूर करें पालन, हनुमान जी करेंगे हर बाधा दूर

Mangalwar Vrat Niyam: सप्ताह का मंगलवार का दिन भगवान हनुमान को समर्पित माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन श्रद्धा से बजरंगबली की पूजा और व्रत करने से सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है और जीवन की परेशानियां कम होती हैं। माना जाता है कि नियमित रूप से मंगलवार का व्रत रखने से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। आइए जानते हैं मंगलवार व्रत के दौरान किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

मंगलवार व्रत के प्रमुख नियम

–मंगलवार की सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और स्वच्छ लाल रंग के वस्त्र धारण करें।
–इसके बाद विधि-विधान से भगवान हनुमान की पूजा करें।
–संभव हो तो इस दिन हनुमान मंदिर जाकर संकटमोचन के दर्शन अवश्य करें।
–पूजा में हनुमान जी को लाल फूल, सिंदूर, तुलसी, गुड़-चना, बूंदी या बूंदी के लड्डू अर्पित करें।
–उनके सामने घी का दीपक जलाएं।
–हनुमान चालीसा का पाठ करें और साथ ही हनुमान मंत्रों का जप करें।
–पूजा के अंत में हनुमान जी की आरती करें।
–मंगलवार के व्रत में दिन में केवल एक बार फलाहार या भोजन करने का विधान है।
–शाम के समय सात्विक भोजन करें, जिसमें नमक न हो या फिर मीठा भोजन लिया जा सकता है।
–व्रत के दौरान स्वच्छता और शुद्धता का विशेष ध्यान रखें।
–यह व्रत लगातार 21 या 45 मंगलवार तक किया जा सकता है।
–मंगलवार व्रत में ब्रह्मचर्य का पालन करना शुभ माना जाता है।

ये भी पढ़ें : हुक्मनामा श्री हरमंदिर साहिब जी 3 फरवरी 2026

मंगलवार को जप करने योग्य हनुमान मंत्र

ॐ हं हनुमते नमः

ॐ नमो हनुमते रुद्रावताराय सर्वशत्रु नाशक सर्वरोग निवारण सर्ववशीकरणाय स्वाहा

मनोजवं मारुततुल्यवेगं, जितेन्द्रियं बुद्धिमतां वरिष्ठम्। वातात्मजं वानरयूथमुख्यं, श्रीरामदूतं शरणं प्रपद्ये॥

ॐ ऐं भ्रीम हनुमते श्री रामदूताय नमः

ऊँ नमो हनुमते रुद्रावताराय सर्वशत्रुसंहरणाय, सर्वरोगहराय सर्ववशीकरणाय रामदूताय स्वाहा

हनुमान चालीसा पाठ से जुड़े नियम

हनुमान चालीसा का पाठ स्नान के बाद साफ कपड़े पहनकर करना चाहिए। इसका पाठ सुबह और शाम दोनों समय किया जा सकता है। चालीसा का पाठ आसन पर बैठकर करना शुभ माना जाता है। मान्यता है कि प्रतिदिन 100 बार पाठ करना उत्तम होता है, लेकिन यदि यह संभव न हो तो 7, 11 या 21 बार पाठ करने से भी लाभ मिलता है।

ये भी पढ़ें : आज मंगलवार के दिन कौन सी राशि को मिलेगी खुशखबरी तो किसके हाथ आएगी निराशा

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। दैनिक सवेरा टाइम्स एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें